यूपी विधानसभा चुनाव 2027: मेरठ में चुनाव आयोग ने ली बड़ी बैठक, तैयारियों का लिया जायजा
चुनाव आयोग ने मेरठ में उच्च स्तरीय बैठक कर 2027 यूपी विधानसभा चुनाव की तैयारियों का जायजा लिया और अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए।

उत्तर प्रदेश में साल 2027 में होने वाले विधानसभा चुनावों की सुगबुगाहट अभी से शुरू हो गई है। इसी सिलसिले में चुनाव आयोग ने मेरठ में एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की, जिसमें यूपी विधानसभा चुनाव 2027 तैयारी को लेकर विस्तृत चर्चा की गई। साकेत स्थित पश्चिमंचल विद्युत वितरण निगम के ऊर्जा भवन में शनिवार सुबह 10:30 बजे शुरू हुई इस बैठक की अध्यक्षता वरिष्ठ उप चुनाव आयुक्त मनीष गर्ग ने की।
इस महत्वपूर्ण बैठक में उत्तर प्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिनवा समेत आयोग के कई बड़े अधिकारी मौजूद रहे। बैठक का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना था कि चुनाव प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी और त्रुटिहीन हो। इस दौरान मेरठ, सहारनपुर, मुरादाबाद और अलीगढ़ मंडल के कुल 18 जिलों के आला अधिकारियों को तलब किया गया था। इनमें मेरठ, बागपत, बुलंदशहर, गौतम बुद्ध नगर, गाजियाबाद, हापुड़, सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, शामली, अमरोहा, बिजनौर, मुरादाबाद, रामपुर, संभल, अलीगढ़, एटा, हाथरस और कासगंज के जिलाधिकारी और पुलिस कप्तान शामिल थे।
सुरक्षा और ईवीएम मैनेजमेंट पर रहा खास जोर
बैठक के दौरान सभी 18 जिलों के अधिकारियों ने पावरपॉइंट प्रेजेंटेशन के जरिए अपने-अपने जिलों की तैयारियों का ब्योरा पेश किया। चुनाव आयोग ने अधिकारियों को एक स्पष्ट रणनीतिक रोडमैप तैयार करने के निर्देश दिए हैं। चर्चा के मुख्य बिंदु निम्नलिखित रहे:
- मतदाता सूची का पुनरीक्षण: वोटर लिस्ट को अपडेट करना ताकि कोई भी पात्र मतदाता छूट न जाए।
- सुरक्षा व्यवस्था: संवेदनशील मतदान केंद्रों की पहचान करना और वहां सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करना।
- लॉजिस्टिक्स: ईवीएम (EVM) के रखरखाव और उनके वितरण की सटीक योजना बनाना।
- पहुंच: मतदान केंद्रों तक मतदाताओं की आसान पहुंच सुनिश्चित करना।
वरिष्ठ अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि चुनाव प्रबंधन में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और समय रहते सभी कमियों को दूर कर लिया जाए ताकि लोकतांत्रिक प्रक्रिया शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो सके।