सुल्तानपुर: अवैध खनन के खिलाफ छापेमारी के दौरान दबंगों का हमला, नायब तहसीलदार और लेखपाल घायल
सुल्तानपुर में अवैध खनन के खिलाफ छापेमारी के दौरान दबंगों ने सरकारी टीम पर हमला किया, नायब तहसीलदार और लेखपाल घायल।

उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर जिले में अवैध खनन माफियाओं के हौसले इस कदर बुलंद हैं कि उन्होंने सरकारी टीम पर ही हमला बोल दिया। नगर कोतवाली इलाके के रामनगर इमिलिया गांव में शनिवार रात जब राजस्व विभाग की टीम अवैध खनन को रोकने पहुंची, तो वहां मौजूद खनन माफियाओं ने टीम के साथ हिंसक झड़प की। इस हमले में नायब तहसीलदार धर्मेंद्र यादव गंभीर रूप से घायल हो गए हैं, उनका पैर टूट गया है। उनके साथ मौजूद दो लेखपालों को भी चोटें आई हैं, जिनका अस्पताल में इलाज चल रहा है।
छापेमारी के दौरान मची अफरा-तफरी, माफियाओं ने किया हमला
पूरी घटना तब शुरू हुई जब एसडीएम सदर के नंबर पर अवैध खनन की सूचना मिली। इस आपातकालीन सूचना के बाद नायब तहसीलदार धर्मेंद्र यादव के नेतृत्व में एक टीम मौके पर भेजी गई। जैसे ही राजस्व टीम गांव पहुंची, वहां अवैध खनन में जुटे लोग अपने डंपर लेकर भागने की कोशिश करने लगे। जब टीम ने उन्हें रोकने का प्रयास किया, तो आरोपियों ने सरकारी कर्मचारियों पर हमला कर दिया।
जिलाधिकारी इंद्रजीत ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि टीम को विशेष रूप से इस इमरजेंसी कॉल पर भेजा गया था। इस हमले के बाद प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। मामले में दो अलग-अलग प्राथमिकी (FIR) दर्ज की गई हैं—एक नायब तहसीलदार की ओर से और दूसरी खनन विभाग की तरफ से। आरोपियों पर सरकारी काम में बाधा डालने, मारपीट और धमकी देने की गंभीर धाराएं लगाई गई हैं।
पुलिस ने मौके से एक डंपर बरामद कर लिया है और दो संदिग्धों को हिरासत में लिया है। सीओ सिटी राघवेंद्र सिंह के मुताबिक, बाकी फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए एसओजी (SOG) और अतिरिक्त पुलिस टीमों को तैनात किया गया है। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि दोषियों के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट जैसी कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि खनन कार्य के लिए कोई अनुमति ली गई थी या यह पूरी तरह अवैध था।