सुल्तानपुर: राजस्व टीम पर हमले के बाद प्रशासन का एक्शन, अवैध खनन पर चला बुलडोजर
सुल्तानपुर में राजस्व टीम पर हमले के बाद प्रशासन सख्त, अवैध खनन ढांचों पर चला बुलडोजर और 5 आरोपी गिरफ्तार।

उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर जिले में सरकारी अधिकारियों पर हमला करने वालों के खिलाफ प्रशासन ने अब आर-पार की जंग छेड़ दी है। राजस्व टीम पर हुए हिंसक हमले के बाद जिला प्रशासन ने न केवल आरोपियों की धरपकड़ शुरू की है, बल्कि अवैध खनन और अतिक्रमण के खिलाफ बुलडोजर चलाने का बड़ा अभियान भी शुरू कर दिया है।
पूरा मामला 2 नवंबर 2026 की रात का है, जब कोतवाली नगर थाना क्षेत्र के रामनगर इमलिया (अमालिया कला) गांव में अवैध मिट्टी खनन की सूचना पर एक टीम छापेमारी करने पहुंची थी। नायब तहसीलदार धर्मेंद्र कुमार यादव के नेतृत्व में पहुंची इस टीम पर खनन माफियाओं ने अचानक हमला बोल दिया। इस हमले में नायब तहसीलदार का पैर टूट गया और दो लेखपाल भी गंभीर रूप से घायल हो गए।
एनकाउंटर में 5 गिरफ्तार, अवैध निर्माण ध्वस्त
सरकारी कर्मचारियों पर हुए इस हमले से प्रशासन में हड़कंप मच गया, जिसके बाद जिलाधिकारी इंद्रजीत सिंह ने तुरंत सख्त कार्रवाई के आदेश दिए। एसडीएम गरिमा सिंह की देखरेख में प्रयागपट्टी इलाके में भारी पुलिस बल और बुलडोजर पहुंचे। यहां ग्राम पंचायत की बंजर जमीन (गाटा संख्या 201) पर अवैध रूप से बनाए गए टिन शेड को जमींदोज कर दिया गया। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इलाके में अन्य अवैध ढांचों को भी चिन्हित कर लिया गया है और उन्हें नोटिस जारी कर दिए गए हैं।
वहीं, पुलिस ने अपराधियों के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए दो अलग-अलग मुठभेड़ों में पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इस दौरान हुई फायरिंग में तीन संदिग्धों के पैरों में गोली लगी है, जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस ने इनके पास से अवैध हथियार, कारतूस और एक काले रंग की महिंद्रा थार गाड़ी बरामद की है।
इस मामले में खनन निरीक्षक और लेखपालों की शिकायत पर 15 अज्ञात और कई नामजद लोगों के खिलाफ हत्या के प्रयास सहित गंभीर धाराओं में एफआईआर दर्ज की गई है। प्रशासन ने लापरवाही बरतने के आरोप में गोडवा रामनगर इमलिया चौकी प्रभारी समेत चार पुलिसकर्मियों को सस्पेंड कर दिया है। जिला प्रशासन ने चेतावनी दी है कि इस आपराधिक गतिविधि में शामिल सभी लोगों के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी।