2027 यूपी चुनाव: सपा और कांग्रेस साथ लड़ेंगे चुनाव, सांसद एस.पी. सिंह ने की पुष्टि

उत्तर प्रदेश की राजनीति में एक बार फिर बड़े गठबंधन की आहट सुनाई दे रही है। समाजवादी पार्टी (सपा) के प्रतापगढ़ सांसद एस.पी. सिंह ने आधिकारिक तौर पर यह साफ कर दिया है कि सपा कांग्रेस गठबंधन 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनावों में एक साथ उतरेगा। रायबरेली पहुंचे सांसद का पार्टी पदाधिकारियों ने जोरदार स्वागत किया, जिसके बाद उन्होंने मीडिया से बात करते हुए गठबंधन की पुष्टि की।
सांसद एस.पी. सिंह ने बताया कि आगामी चुनावों के लिए रोडमैप तैयार करने पर विचार-विमर्श जारी है। हालांकि, सीटों के बंटवारे को लेकर अभी कोई औपचारिक बातचीत नहीं हुई है। उन्होंने उन खबरों को सिरे से खारिज कर दिया जिनमें कहा जा रहा था कि कांग्रेस 200 सीटों पर चुनाव लड़ने की तैयारी में है।
सीट शेयरिंग पर खींचतान और समीकरण
सूत्रों की मानें तो सीटों के बंटवारे को लेकर दोनों दलों के बीच अलग-अलग गणित चल रहा है। चर्चा है कि कांग्रेस 125 से 135 सीटों की मांग कर सकती है, जिसमें अमेठी और रायबरेली की सभी 10 विधानसभा सीटें शामिल हों। दूसरी ओर, समाजवादी पार्टी फिलहाल अपने सहयोगी साथी के लिए लगभग 65 सीटों की योजना बना रही है। सीटों का यह फैसला 2024 के लोकसभा चुनाव के नतीजों और 2022 के विधानसभा चुनाव के रुझानों के आधार पर लिया जाना तय माना जा रहा है।
एस.पी. सिंह ने कांग्रेस की स्थिति पर कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि कांग्रेस को 50 से अधिक सीटें नहीं मिलनी चाहिए। उन्होंने दावा किया कि अखिलेश यादव के समर्थन के बिना कांग्रेस की स्थिति बेहद कमजोर होगी। सांसद ने यह भी कहा कि 2024 के लोकसभा चुनाव में कांग्रेस की सफलता का मुख्य श्रेय सपा और अखिलेश यादव के समर्थन को जाता है। उन्होंने यहां तक जिक्र किया कि राहुल गांधी शुरू में रायबरेली से चुनाव लड़ने में संकोच कर रहे थे।
गठबंधन को अंतिम रूप देने की प्रक्रिया अभी चल रही है। खबर है कि कांग्रेस जल्द ही अपनी प्रस्तावित सीटों की सूची सपा को सौंप सकती है। सीटों के विवाद को सुलझाने के लिए कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और सपा प्रमुख अखिलेश यादव के बीच उच्च स्तरीय बैठकें होने की संभावना है। इसके अलावा, एस.पी. सिंह ने आगामी स्नातक और शिक्षक एमएलसी चुनावों में भी सपा उम्मीदवारों की जीत का भरोसा जताया है।