कपिल देव इनविटेशनल: शुभंकर शर्मा ने जमाया कब्जा, दूसरे राउंड के बाद बनाई बड़ी बढ़त

ग्रेटर नोएडा के जयपी ग्रीन्स गोल्फ एंड स्पा रिसॉर्ट में आयोजित 2 करोड़ रुपये की इनामी राशि वाली कपिल देव इनविटेशनल टूर चैंपियनशिप में चंडीगढ़ के गोल्फर शुभंकर शर्मा ने अपना दबदबा बना लिया है। दूसरे राउंड के खेल के बाद शुभंकर ने शानदार प्रदर्शन करते हुए अपने प्रतिद्वंद्वियों पर चार शॉट की बड़ी बढ़त हासिल कर ली है।
30 वर्षीय शुभंकर ने दूसरे दिन के खेल में 7-अंडर 65 का स्कोर कार्ड पेश किया। उन्होंने अपने खेल में एक ईगल, सात बर्डी और दो बोगी लगाए, जिससे उनका कुल स्कोर 11-अंडर 133 हो गया। दिलचस्प बात यह है कि दिन की शुरुआत में वह ओवरनाइट लीडर शौर्य भट्टाचार्य से दो शॉट पीछे चल रहे थे, लेकिन अपनी आक्रामक और सटीक खेल शैली से उन्होंने पासा पलट दिया।
शानदार फॉर्म और आत्मविश्वास की वापसी
शुभंकर के लिए यह राउंड केवल स्कोर के बारे में नहीं था, बल्कि उनके आत्मविश्वास की वापसी के बारे में भी था। उन्होंने बताया कि पिछले कुछ हफ्तों से वह अपनी बॉल-स्ट्राइकिंग को लेकर संघर्ष कर रहे थे, लेकिन इस मैच में सब कुछ सही रहा। शुभंकर ने कहा, "मैंने वास्तव में बहुत अच्छा खेल दिखाया और पूरे राउंड के दौरान खुद को काफी मजबूत महसूस किया। आज गेंद बिल्कुल वहीं गई जहां मैं उसे भेजना चाहता था।"
उनके खेल का सबसे खास पल चौथे पार-फाइव होल पर आया, जहां उन्होंने लगभग 212 गज की दूरी से सिक्स-आयरन शॉट मारकर गेंद को 18 फीट की दूरी पर पहुंचाया और फिर ईगल पुट को सफलतापूर्वक पूरा किया।
टूर्नामेंट की अन्य प्रमुख बातें इस प्रकार हैं:
- ब्रशवरपाल सिंह: चंडीगढ़ के ब्रशवरपाल सिंह ने भी शुभंकर की तरह 65 का स्कोर बनाया और 7-अंडर 137 के साथ दूसरे स्थान पर पहुंच गए।
- शौर्य भट्टाचार्य: दिल्ली के शौर्य, जो पहले राउंड में लीडर थे, 6-अंडर 138 के साथ तीसरे स्थान पर खिसक गए हैं।
- खालिन जोशी: बेंगलुरु के खालिन जोशी 5-अंडर 139 के साथ चौथे स्थान पर रहे।
इस मौके पर शुभंकर ने डीपी वर्ल्ड पीजीटीआई के अध्यक्ष और भारतीय क्रिकेट दिग्गज कपिल देव की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि कपिल देव के नेतृत्व में खेल के बुनियादी ढांचे, प्रायोजकों और खिलाड़ियों की सुविधाओं में काफी सुधार हुआ है। शुभंकर ने यह भी साझा किया कि चंडीगढ़ से जुड़े होने के कारण वह कपिल देव को 'पाजी' कहकर बुलाते हैं, जिससे उनके बीच का संवाद और भी सहज हो जाता है।