रेस्टोरेंट मालिक की हत्या: 50 हजार की इनामी आरोपी श्रद्धा दुबे नागपुर से गिरफ्तार

उत्तर प्रदेश पुलिस को एक बड़ी कामयाबी मिली है। रेस्टोरेंट मालिक शिवा शर्मा की हत्या के मामले में मुख्य आरोपी और 50 हजार रुपये की इनामी श्रद्धा दुबे को पुलिस ने नागपुर से गिरफ्तार कर लिया है। श्रद्धा पिछले 11 दिनों से पुलिस की गिरफ्त से बाहर थी और लगातार अपनी लोकेशन बदल रही थी। उसकी गिरफ्तारी उत्तर प्रदेश पुलिस और नागपुर पुलिस क्राइम ब्रांच के एक संयुक्त ऑपरेशन का नतीजा है।
इस मामले में श्रद्धा दुबे के साथ उसकी बहन रश्मि दुबे और ड्राइवर दानिश (तनवीर) की भी तलाश जारी है। पुलिस ने इन तीनों आरोपियों पर इनाम की राशि 25 हजार से बढ़ाकर 50 हजार रुपये कर दी थी। जांच में यह बात सामने आई है कि नागपुर पहुंचने से पहले श्रद्धा ने आगरा में भी समय बिताया था।
बुर्के में छिपकर आगरा पहुंची थी आरोपी
पुलिस को मिले सबूतों और सीसीटीवी फुटेज से पता चला है कि श्रद्धा ने अपनी पहचान छिपाने के लिए बुर्के का सहारा लिया था। आगरा के ताज नगरी फेज-1 स्थित ओम पैलेस होटल के फुटेज में वह 17 अक्टूबर की सुबह 6:53 बजे एक पुरुष (जिसकी पहचान होटल रजिस्टर में देवराज यादव के रूप में हुई है) और एक अन्य महिला के साथ प्रवेश करती दिख रही है। दिलचस्प बात यह है कि 18 अक्टूबर की सुबह करीब 6:30 बजे वह होटल से निकल गई, और उसके कुछ ही देर बाद स्पेशल टास्क फोर्स (STF) और स्थानीय क्राइम ब्रांच की टीम वहां पहुंच गई थी।
गिरफ्तारी से पहले श्रद्धा ने नेपाल से एक वीडियो जारी कर खुद को निर्दोष बताया था और दावा किया था कि शिवा शर्मा ने आत्महत्या की है। हालांकि, पुलिस इस दावे की जांच कर रही है। इस हाई-प्रोफाइल केस के चलते प्रशासनिक स्तर पर भी गाज गिरी है; डीसीपी सेंट्रल जोन विक्रांत वीर को उनके पद से हटाकर डीजीपी मुख्यालय भेज दिया गया है, जबकि इससे पहले हजरतगंज इंस्पेक्टर विक्रम सिंह को भी हटाया जा चुका है।
श्रद्धा दुबे का आपराधिक इतिहास केवल इस हत्या तक सीमित नहीं है। वह एक साइबर धोखाधड़ी के मामले में भी नामजद है, जिसमें सहारनपुर की एक अदालत ने उसकी जब्त स्कोडा सुपरब कार को रिलीज करने की याचिका पर नोटिस जारी किया था। फिलहाल पुलिस उससे गहन पूछताछ कर रही है ताकि मामले की पूरी कड़ियां जोड़ी जा सकें।