शिवा शर्मा मर्डर केस: नागपुर से लखनऊ लाए गए तीन मुख्य आरोपी, STF को मिली ट्रांजिट रिमांड

लखनऊ के चर्चित कैफे मालिक शिवा शर्मा मर्डर केस में उत्तर प्रदेश स्पेशल टास्क फोर्स (STF) को बड़ी कामयाबी मिली है। पुलिस ने इस मामले के तीन मुख्य आरोपियों को नागपुर से गिरफ्तार करने के बाद अब उनकी 72 घंटे की ट्रांजिट रिमांड हासिल कर ली है। इन आरोपियों को नागपुर से लखनऊ लाया जा रहा है, ताकि उनसे इस सनसनीखेज वारदात की गहराई से पूछताछ की जा सके।
जानकारी के मुताबिक, बुधवार दोपहर करीब 2:30 बजे नागपुर जिला एवं सत्र न्यायालय के मजिस्ट्रेट एस.डी. कामत के सामने आरोपी मॉडल श्रद्धा दुबे, उसकी बहन रश्मि दुबे और उनके ड्राइवर दानिश को पेश किया गया। अदालत ने यूपी पुलिस की अर्जी मंजूर करते हुए ट्रांजिट रिमांड दे दी, जिसके बाद पुलिस टीम इन तीनों को सड़क मार्ग से लगभग 920 किलोमीटर दूर लखनऊ ले जा रही है।
11 दिनों तक रहे फरार, 50 हजार का था इनाम
शिवा शर्मा की मौत 9 अक्टूबर को लखनऊ के अवध ग्रीन अपार्टमेंट की चौथी मंजिल से गिरने के बाद हुई थी। इस मामले में आरोपी पिछले 11 दिनों से फरार चल रहे थे, जिसके चलते पुलिस ने तीनों पर 50-50 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। यूपी एसटीएफ ने कड़ी मशक्कत के बाद 20 अक्टूबर को नागपुर के वर्धा रोड स्थित एक फ्लैट से इन्हें दबोचा।
इस मामले में पुलिस ने श्रद्धा दुबे के बॉयफ्रेंड आमिर को भी गिरफ्तार किया है। आरोप है कि आमिर ने श्रद्धा को नेपाल भागने में मदद की और फर्जी पहचान पत्र के जरिए उसे सिम कार्ड उपलब्ध कराया। इस पूरे मामले की एफआईआर मृतक की मां रंजना शर्मा की शिकायत पर हजरतगंज पुलिस स्टेशन में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(1) के तहत दर्ज की गई थी।
इस हाई-प्रोफाइल केस में लापरवाही बरतने के आरोप में स्थानीय पुलिस प्रशासन पर भी गाज गिरी है। मामले की गंभीरता को देखते हुए संबंधित डीसीपी (DCP), एसीपी (ACP) और थाना प्रभारी का तबादला कर दिया गया है। एक तरफ जहां कानूनी कार्रवाई तेज हुई है, वहीं रंजना शर्मा ने 21 अक्टूबर को अपने बेटे की अस्थियों का विसर्जन हरिद्वार में किया। संयोगवश, यह दिन मुख्य आरोपी श्रद्धा दुबे का जन्मदिन भी था।