शाहजहाँपुर: डीएम ने संपूर्ण समाधान दिवस में सुनीं जनसमस्याएं, मौके पर किया निस्तारण

उत्तर प्रदेश के शाहजहाँपुर जिले में आम जनता की समस्याओं को दूर करने के लिए प्रशासन ने कमर कस ली है। कलान तहसील में आयोजित शाहजहाँपुर संपूर्ण समाधान दिवस के दौरान जिलाधिकारी धर्मेंद्र प्रताप सिंह और पुलिस अधीक्षक सौरभ दीक्षित ने खुद मोर्चा संभाला। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य लोगों की शिकायतों का समयबद्ध, निष्पक्ष और गुणवत्तापूर्ण समाधान सुनिश्चित करना था, ताकि आम आदमी को अपने हक के लिए दफ्तरों के चक्कर न काटने पड़ें।
समाधान दिवस के दौरान विभिन्न विभागों से जुड़ी कुल 42 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनमें से 4 मामलों का निपटारा मौके पर ही कर दिया गया। बाकी शिकायतों को संबंधित विभागों को भेजकर त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। इस दौरान डीएम ने कुछ मामलों में कड़ा रुख अपनाते हुए अधिकारियों को तुरंत सुधार करने को कहा।
लापरवाही पर डीएम की सख्त चेतावनी
कार्यक्रम में जब दीपचंद नाम के व्यक्ति ने अपनी खतौनी में नाम गलत होने की शिकायत की, तो जिलाधिकारी ने तत्काल सुधार के आदेश दिए और उन्हें अपडेटेड दस्तावेज़ उपलब्ध कराया। वहीं, रियाजुद्दीन की शिकायत पर कि उनके मत्स्य पालन के लिए आवंटित जमीन पर फसल उगाई जा रही है, डीएम ने मामले की गहन जांच के आदेश दिए और नियमों के तहत लीज रद्द करने की प्रक्रिया शुरू करने को कहा। साथ ही रियाजुद्दीन को पहले आवंटित सभी मत्स्य लीज की भी जांच करने के निर्देश दिए गए।
जिलाधिकारी धर्मेंद्र प्रताप सिंह ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि जनता की समस्याओं का स्थायी समाधान ही इस आयोजन का असली मकसद है। उन्होंने राजस्व निरीक्षकों और पुलिस विभाग को संयुक्त टीमें बनाकर अवैध अतिक्रमण, चकमार्ग और भूमि विवादों के मौके पर जाकर निरीक्षण करने को कहा। डीएम ने अधिकारियों को हिदायत दी कि वे केवल कागजों पर रिपोर्ट न भेजें, बल्कि खुद मौके पर जाकर जमीनी हकीकत देखें। उन्होंने चेतावनी दी कि जनशिकायतों के निस्तारण में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
इस अवसर पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. विवेक कुमार मिश्रा, डीसी मनरेगा यशोवर्धन सिंह, कलान एसडीएम आशुतोष कुमार सिंह सहित जिला स्तर के कई अन्य अधिकारी मौजूद रहे।