वोटर लिस्ट संशोधन पर संबित पात्रा का पलटवार, कहा- कांग्रेस राज में 10 बार हुआ था SIR

वाराणसी में संबित पात्रा ने SIR प्रक्रिया का बचाव करते हुए कहा कि कांग्रेस शासन में भी 10 बार ऐसा संशोधन हुआ था।

Sushant Singh2 November 20262 min read0 viewsउत्तर प्रदेश
वोटर लिस्ट संशोधन पर संबित पात्रा का पलटवार, कहा- कांग्रेस राज में 10 बार हुआ था SIR

वाराणसी की धरती से भाजपा सांसद संबित पात्रा ने मतदाता सूची के विशेष गहन संशोधन (SIR) को लेकर विपक्ष द्वारा लगाए गए आरोपों पर कड़ा प्रहार किया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि वोटर लिस्ट को सटीक और पारदर्शी बनाना एक नियमित लोकतांत्रिक प्रक्रिया है और इसे किसी राजनीतिक साजिश के तौर पर नहीं देखा जाना चाहिए।

वाराणसी में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए पात्रा ने कहा कि साल 2025 से शुरू होने वाला यह विशेष गहन संशोधन (SIR) देश का 12वां ऐसा अभ्यास है। उन्होंने आंकड़ों का हवाला देते हुए बताया कि अब तक हुए 12 संशोधनों में से 10 कांग्रेस सरकारों के कार्यकाल के दौरान किए गए थे, जबकि वर्तमान भाजपा सरकार के समय केवल दो बार यह प्रक्रिया अपनाई गई है।

विपक्ष के 'वोट चोरी' के दावों पर सवाल

संबित पात्रा ने विपक्षी दलों, विशेषकर कांग्रेस नेता राहुल गांधी के उन आरोपों को खारिज कर दिया जिनमें मतदाता सूची से नाम हटाने या 'वोट चोरी' की बात कही गई थी। पात्रा ने सवाल उठाया कि यदि वास्तव में 13 करोड़ वोट चोरी हुए होते, जैसा कि दावा किया जा रहा है, तो क्या देश की सड़कों पर भारी जन-आंदोलन नहीं होता? उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि जब यह प्रक्रिया कांग्रेस के समय होती थी तब वह सही थी, लेकिन अब जब भाजपा इसे वोटर लिस्ट की शुद्धता के लिए कर रही है, तो इसे गलत क्यों माना जा रहा है?

उन्होंने जोर देकर कहा कि भारत एक लोकतंत्र है और मतदाता सूची ही यह तय करती है कि कौन वोट देने का पात्र है। समय-समय पर नए नाम जोड़ना और गलत या पुराने नामों को हटाना इस प्रक्रिया का हिस्सा है ताकि चुनाव की सत्यनिष्ठा बनी रहे।

गौरतलब है कि यह बयान विपक्षी गठबंधन 'INDIA' द्वारा दिल्ली के रामलीला मैदान में आयोजित उस बड़ी रैली के बाद आया है, जिसमें राहुल गांधी, मल्लिकार्जुन खड़गे और अखिलेश यादव जैसे दिग्गजों ने मतदाता सूची में गड़बड़ी और SIR प्रक्रिया का विरोध किया था।

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