रायबरेली: SHO पर रिश्वतखोरी और धमकी का आरोप, ग्रामीणों ने घेरा थाना

उत्तर प्रदेश के रायबरेली जिले से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है, जहां पुलिस स्टेशन ही विवाद का केंद्र बन गया। यहाँ के ग्रामीणों ने थाना प्रभारी (SHO) पर भ्रष्टाचार और अवैध वसूली के गंभीर आरोप लगाते हुए जमकर विरोध प्रदर्शन किया। मामला तब बिगड़ा जब एक नवविवाहित जोड़े को थाने में हिरासत में लिया गया, जिसके बाद गांव के प्रधान और स्थानीय लोग गुस्से में थाने पहुंच गए।
दरअसल, यह पूरा विवाद एक ऐसे जोड़े से शुरू हुआ जिन्होंने कोर्ट मैरिज की थी। शुरुआत में उनके परिवारों ने इस रिश्ते का विरोध किया था, लेकिन बाद में आपसी सहमति से मामला सुलझ गया और सब एक साथ रहने को तैयार हो गए। लेकिन हैरानी की बात यह रही कि सुलह के बावजूद, जब यह जोड़ा थाने पहुंचा, तो उन्हें हिरासत में ले लिया गया।
रिश्वत मांगने और झूठी FIR की धमकी का आरोप
जोड़े की हिरासत की खबर मिलते ही गांव के प्रधान चंदन सिंह और शैलेंद्र प्रताप सिंह अपने समर्थकों और परिजनों के साथ थाने पहुंच गए। ग्रामीणों का आरोप है कि SHO राकेश चंद्र आनंद ने मामले को रफा-दफा करने के बदले 10,000 रुपये की रिश्वत मांगी। इतना ही नहीं, आरोप यह भी है कि जब पैसे देने से इनकार किया गया, तो SHO ने उन्हें झूठी FIR में फंसाने की धमकी दी।
प्रदर्शन कर रहे ग्राम प्रधानों ने SHO के व्यवहार को अशोभनीय बताया और आरोप लगाया कि थाने में बिचौलियों का बोलबाला है। ग्रामीणों का कहना है कि स्थानीय पुलिस भ्रष्टाचार में डूबी हुई है और आम जनता को मनमाने तरीके से प्रताड़ित किया जा रहा है। प्रदर्शनकारियों ने मांग की है कि पुलिसकर्मियों द्वारा की जा रही इस अवैध वसूली और तानाशाही पर तुरंत रोक लगाई जाए।