"अनुमान लगाइए कांग्रेस ने कितनी सीटें जीतीं?" MLC चुनाव नतीजों पर पीएम मोदी का राहुल गांधी की पार्टी पर तंज
कर्नाटक विधान परिषद चुनाव में NDA की क्लीन स्वीप के बाद पीएम मोदी ने कांग्रेस पर तंज कसा और 4 राज्यों के नतीजों पर सवाल पूछे।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कर्नाटक विधान परिषद चुनाव में नेशनल डेमोक्रेटिक अलायंस (NDA) की शानदार जीत के बाद कांग्रेस पार्टी पर तीखा हमला बोला है। कर्नाटक में चारों सीटों पर NDA के कब्जे के बाद पीएम मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व में ट्विटर) के जरिए कांग्रेस की चुनावी हालत पर तंज कसा।
पीएम मोदी ने अपने पोस्ट में चार बड़े राज्यों—उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र, बिहार और कर्नाटक की कुल 28 सीटों पर हुए MLC चुनावों का जिक्र किया। उन्होंने विशेष रूप से इस बात पर जोर दिया कि ये चुनाव बैलेट पेपर के जरिए कराए गए थे। प्रधानमंत्री ने कटाक्ष करते हुए पूछा, "अनुमान लगाइए कि कांग्रेस ने कितनी सीटें जीतीं?"
कर्नाटक में NDA का दबदबा, कांग्रेस को लगा बड़ा झटका
कर्नाटक विधान परिषद के चुनावों में एनडीए ने पूरी तरह से अपना वर्चस्व कायम किया और चारों सीटों पर जीत दर्ज की। इनमें दो शिक्षकों की और दो स्नातकों (ग्रेजुएट्स) की सीटें शामिल थीं। भाजपा और जेडी(एस) के गठबंधन ने मिलकर कांग्रेस के उम्मीदवारों को करारी शिकस्त दी।
- बेंगलुरु शिक्षक सीट: जेडी(एस) के एपी रंगनाथ ने कांग्रेस के पांच बार के एमएलसी पुट्टन्ना को हराया।
- उत्तर-पूर्व शिक्षक सीट: भाजपा के शशिल जी. नामोशी ने पांचवीं बार जीत दर्ज की और कांग्रेस के शरणप्पा मत्तूर को करीब 3,297 वोटों से मात दी।
- स्नातक सीटें: भाजपा के एस.वी. संकनूर और के.एम. सुरेश ने जीत हासिल कर एनडीए की क्लीन स्वीप पूरी की। संकनूर ने लगातार तीसरी बार जीत दर्ज की है।
इस जीत पर खुशी जताते हुए केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने भी विपक्ष पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कुछ लोग मतदान प्रक्रिया और बैलेट पेपर को लेकर अड़े रहते हैं, लेकिन कर्नाटक के नतीजों ने दिखा दिया कि प्रक्रिया चाहे जो भी हो, जनता का समर्थन भाजपा के साथ है। उन्होंने कैबिनेट बैठक के दौरान कहा कि कर्नाटक में बैलेट पेपर का इस्तेमाल हुआ और भाजपा ने चारों सीटें जीत लीं।
बता दें कि उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र, बिहार और कर्नाटक में हुए इन एमएलसी चुनावों की गिनती की प्रक्रिया जारी है, लेकिन शुरुआती रुझानों और कर्नाटक के नतीजों ने राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज कर दी है।