बाराबंकी: NHM संविदा कर्मचारियों ने सीएमओ ऑफिस पर किया प्रदर्शन, लखनऊ कूच की दी चेतावनी

उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जिले में नेशनल हेल्थ मिशन (NHM) के तहत कार्यरत संविदा कर्मचारियों का गुस्सा फूट पड़ा है। अपनी लंबित मांगों और खराब कार्य स्थितियों से परेशान कर्मचारियों ने आज मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) परिसर में जोरदार प्रदर्शन किया। कर्मचारियों का कहना है कि वे लंबे समय से अपनी जायज मांगों को लेकर संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन प्रशासन की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है।
समान काम-समान वेतन की मांग पर अड़े कर्मचारी
प्रदर्शन के दौरान जिला महासचिव डॉ. रईस खान ने जोर देकर कहा कि सभी कैडर एकजुट हैं और उनका मानना है कि 'समान काम के लिए समान वेतन' मिलना उनका बुनियादी अधिकार है। उन्होंने संगठन की मजबूती का दावा करते हुए कहा कि कर्मचारियों को अब गुमराह नहीं किया जा सकता और वे अपने हक के लिए किसी भी हद तक जा सकते हैं।
वहीं, जिला अध्यक्ष राम प्रताप सिंह ने प्रदर्शनकारियों को संबोधित करते हुए एकता का मंत्र दिया। उन्होंने कहा कि अधिकारों की लड़ाई अकेले नहीं, बल्कि सामूहिक संघर्ष से जीती जाती है। मंडल अध्यक्ष ज्ञानेंद्र भारती ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यह आंदोलन तब तक जारी रहेगा जब तक उनकी सभी शर्तें पूरी नहीं हो जातीं।
लखनऊ कूच की तैयारी:
प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों ने प्रशासन को तीन दिन का अल्टीमेटम दिया है। उन्होंने साफ कहा कि यदि तीन दिनों के भीतर उनकी मांगों को स्वीकार नहीं किया गया, तो बाराबंकी जिले के सभी संविदा कर्मचारी 12 तारीख को लखनऊ के इको गार्डन में जुटेंगे और बड़ा प्रदर्शन करेंगे। कर्मचारियों ने चेतावनी दी है कि यदि लखनऊ कूच के दौरान कोई अप्रिय स्थिति बनती है, तो उसकी पूरी जिम्मेदारी सरकार और जिला प्रशासन की होगी।
इस विरोध प्रदर्शन में जिले के सभी ब्लॉकों से आए ब्लॉक अध्यक्ष, सचिव और बड़ी संख्या में स्वास्थ्य कर्मी शामिल हुए, जिन्होंने एकजुट होकर अपनी मांगों को पूरा करवाने का संकल्प लिया।