नाना पाटेकर के निधन से मालिनी अवस्थी भावुक, कहा- 'यह मेरे लिए व्यक्तिगत क्षति है'

दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर के अचानक निधन की खबर से पूरी फिल्म इंडस्ट्री और उनके चाहने वालों में शोक की लहर है। इस दुखद घड़ी में मशहूर लोक गायिका मालिनी अवस्थी ने अपनी संवेदनाएं व्यक्त की हैं। उन्होंने नाना पाटेकर के जाने को एक व्यक्तिगत क्षति बताया और उन्हें देश के सबसे बेहतरीन कलाकारों में से एक करार दिया।
लखनऊ में मालिनी अवस्थी ने अपनी यादें साझा करते हुए कहा कि नाना पाटेकर ने अभिनय की दुनिया में अपनी एक अलग पहचान बनाई थी। उन्होंने कहा, "नाना पाटेकर का जाना एक व्यक्तिगत नुकसान जैसा महसूस हो रहा है। वह भारत के उन चुनिंदा अभिनेताओं में से थे जिन्होंने अपनी एक विशिष्ट शैली विकसित की। उनके जैसा कलाकार न पहले कभी था और न भविष्य में होगा।"
अभिनय और देशभक्ति का अनूठा संगम
मालिनी अवस्थी ने नाना पाटेकर के बोलने के अंदाज और उनकी कॉमेडी टाइमिंग की जमकर तारीफ की। उन्होंने बताया कि दर्शक उनकी बेमिसाल एक्टिंग की वजह से उन्हें पर्दे पर देखना पसंद करते थे। अवस्थी ने उन्हें एक 'सच्चा देशभक्त' बताते हुए उन्हें अपनी भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की।
बता दें कि 75 वर्षीय नाना पाटेकर का निधन गुरुवार को कार्डियक अरेस्ट (दिल का दौरा) के कारण हुआ। उन्हें आनन-फानन में मणिपाल अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने करीब 45 मिनट तक उन्हें बचाने की कोशिश की, लेकिन उन्हें बचाया नहीं जा सका। अस्पताल के डॉक्टर शेखर साल्कर के मुताबिक, नाना ने तड़के करीब 2:30 बजे एक दोस्त को मैसेज किया था कि उनकी तबीयत ठीक नहीं है, जिसके बाद दोस्त सुबह 4 बजे उनके घर पहुंचा था।
हिंदी और मराठी सिनेमा के दिग्गज रहे नाना पाटेकर ने 1978 की फिल्म 'गमन' से अपने सफर की शुरुआत की थी। इसके बाद उन्होंने 'परिंदा', 'क्रांतिवीर', 'तिरंगा', 'अंगार' और 'खामोशी' जैसी यादगार फिल्मों से दर्शकों के दिलों पर राज किया। वहीं, मराठी फिल्म 'नटसम्राट' उनके करियर की सबसे प्रभावशाली फिल्मों में से एक मानी जाती है। हाल के समय में वह 'हाउसफुल 5' और विशाल भारद्वाज की 'ओ रोमियो' में भी नजर आए थे।