मेरठ ब्लू ड्रम मर्डर केस: पति की हत्या कर ड्रम में छिपाया शव, मुस्कान और साहिल को मौत की सजा

उत्तर प्रदेश के मेरठ से एक रोंगटे खड़े कर देने वाले हत्याकांड में अदालत ने बड़ा फैसला सुनाया है। चर्चित मेरठ ब्लू ड्रम मर्डर केस में कोर्ट ने मुख्य आरोपी मुस्कान रस्तोगी और उसके साथी साहिल शुक्ला को मौत की सजा सुनाई है। इस मामले में दोनों दोषियों पर भारी जुर्माना भी लगाया गया है, जिससे यह फैसला कानूनी गलियारों में चर्चा का विषय बन गया है।
यह पूरा मामला मर्चेंट नेवी के पूर्व अधिकारी सौरभ राजपूत की बेरहमी से की गई हत्या से जुड़ा है। आरोप है कि मुस्कान ने अपने प्रेमी साहिल शुक्ला के साथ मिलकर अपने पति सौरभ की हत्या की साजिश रची। हत्या के बाद सबूत मिटाने के लिए शरीर के टुकड़े किए गए और उन्हें एक नीले रंग के प्लास्टिक ड्रम में छिपा दिया गया। इस खौफनाक साजिश ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया था।
साजिश इतनी गहरी कि कांप उठी रूह
अदालत में पेश किए गए सबूतों और गवाहों के आधार पर यह साबित हुआ कि यह हत्या अचानक नहीं, बल्कि एक सोची-समझी साजिश का नतीजा थी। अभियोजन पक्ष के वकील कृष्ण कुमार दुबे ने बताया कि मुस्कान ने जिस ठंडे दिमाग से अपने पति की जान ली और फिर शव को ठिकाने लगाने के लिए उसे तीन हिस्सों में काटा, वह इस अपराध की क्रूरता को दर्शाता है।
ट्रायल के दौरान कुल 22 गवाहों की पेशी हुई। बचाव पक्ष ने दलील दी कि हत्या का कोई प्रत्यक्षदर्शी नहीं है और आरोपियों की बेटियां हैं, लेकिन अदालत ने सबूतों की मजबूती को देखते हुए इन दलीलों को खारिज कर दिया। कोर्ट ने धारा 302 के तहत 50,000 रुपये और धारा 238A के तहत 20,000 रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
वकील दुबे के अनुसार, एक महिला को मौत की सजा मिलना अपने आप में एक मिसाल है। फैसले के समय दोनों आरोपी गहरे सदमे में नजर आए। वहीं, कोर्ट ने यह भी आदेश दिया है कि मुस्कान की बेटी छह साल की उम्र तक अपनी मां के साथ रह सकती है।