कानपुर: पुल निर्माण स्थल पर जमकर चले डंडे, तीन मजदूर घायल और एक लापता
कानपुर के घाटमपुर में पुल निर्माण स्थल पर विवाद के बाद हमला हुआ, जिसमें तीन मजदूर घायल हैं और एक लापता है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

उत्तर प्रदेश के कानपुर में एक पुल निर्माण स्थल पर मंगलवार दोपहर उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब एक स्थानीय व्यक्ति ने मजदूरों पर हमला बोल दिया। इस हिंसक झड़प में तीन लोग गंभीर रूप से घायल हो गए हैं, जबकि एक मजदूर अब तक लापता है। घटना घाटमपुर तहसील के बरनाव गांव की है, जहां सिंचाई विभाग के तहत पुल का निर्माण कार्य चल रहा था।
घटना की जानकारी देते हुए साइट इंचार्ज विकास ने पतारा पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत के मुताबिक, मंगलवार दोपहर करीब 3 बजे जब मजदूर काम कर रहे थे, तभी सुमित सेंगर नाम का एक व्यक्ति पिकअप ट्रक लेकर वहां पहुंचा। आरोप है कि सुमित ने लापरवाही से गाड़ी चलाते हुए पाइपिंग मटेरियल के ऊपर से ट्रक निकाल दिया, जिससे उपकरण क्षतिग्रस्त हो गए और उसकी गाड़ी वहीं फंस गई।
जब मजदूरों ने इस पर आपत्ति जताई, तो विवाद बढ़ गया। आरोप है कि सुमित सेंगर ने अपने वाहन से डंडे निकाले और मजदूरों की पिटाई शुरू कर दी। इतना ही नहीं, उसने अन्य लोगों को भी बुला लिया और हमले को और तेज कर दिया। इस दौरान आरोपी ने कथित तौर पर धमकी देते हुए कहा कि वह ग्राम प्रधान का भतीजा है, इसलिए उसे कोई कुछ नहीं कह सकता।
लापता मजदूर की तलाश और पुलिस की कार्रवाई
इस हमले में तीन मजदूरों को गंभीर चोटें आई हैं, वहीं पंकज नाम का एक मजदूर घटना के बाद से लापता बताया जा रहा है। वहीं दूसरी ओर, ग्राम प्रधान के पति सुरेश सिंह सेंगर ने आरोपी के साथ अपने किसी भी पारिवारिक रिश्ते से इनकार किया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सुमित सेंगर केवल गांव का निवासी है, उनका भतीजा नहीं। उन्होंने कहा कि गांव में लोग सम्मानवश एक-दूसरे को रिश्तेदार कहकर बुलाते हैं, इसका मतलब यह नहीं कि वे खून के रिश्ते से जुड़े हों।
सुरेश सिंह सेंगर ने इस पूरी घटना को दुर्भाग्यपूर्ण बताया है और कहा है कि वे पुलिस जांच में पूरा सहयोग कर रहे हैं। पुलिस ने शिकायत दर्ज कर ली है और मामले की गहनता से जांच की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि शिकायत में लगाए गए सभी आरोपों की पुष्टि की जा रही है, जिसके बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।