कानपुर: 6 दिन के नवजात की मौत, आत्माराम अस्पताल पर लापरवाही का गंभीर आरोप

कानपुर के आत्माराम अस्पताल में एक छह दिन के नवजात की मौत के बाद हड़कंप मच गया है। बच्चे के परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन और डॉक्टरों पर मेडिकल लापरवाही के गंभीर आरोप लगाए हैं। परिवार का कहना है कि उनके बच्चे की हालत स्थिर थी, लेकिन अचानक संदिग्ध परिस्थितियों में उसकी तबीयत बिगड़ी और उसकी जान चली गई।
परिजनों के मुताबिक, नवजात को आईसीयू (ICU) में रखा गया था और डॉक्टरों ने उसकी स्थिति को स्थिर बताया था। लेकिन अचानक बच्चे की हालत इतनी खराब हुई कि उसे बचाया नहीं जा सका। जब परिवार ने मेडिकल रिपोर्ट की सत्यता पर सवाल उठाए और सैंपल्स की क्रॉस-मैचिंग की मांग की, तो आरोप है कि अस्पताल प्रशासन ने जरूरी दस्तावेज और नमूने देने से साफ इनकार कर दिया।
सरकारी सेवा में रहकर निजी अस्पताल चलाने का आरोप
इस मामले में पीड़ित परिवार के साथ पहुंचे अधिवक्ता राकेश तिवारी ने अस्पताल के कामकाज पर बड़े सवाल खड़े किए हैं। उनका आरोप है कि इलाज में शामिल डॉक्टर एलपीएस इंस्टीट्यूट ऑफ कार्डियोलॉजी (LPS Institute of Cardiology) से जुड़े हैं और सरकारी सेवा में होने के बावजूद निजी तौर पर यह अस्पताल चला रहे हैं। साथ ही, अस्पताल पर मरीजों से अत्यधिक फीस वसूलने के भी आरोप लगे हैं।
पीड़ित परिवार ने बताया कि जब वे मदद के लिए स्थानीय पुलिस स्टेशन पहुंचे, तो उन्हें वहां से मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) कार्यालय भेज दिया गया। अंत में, न्याय की उम्मीद में परिवार ने कमिश्नर से मुलाकात की और इस पूरे मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच की मांग की।
अब परिवार की मांग है कि सीएमओ के माध्यम से एक औपचारिक जांच कराई जाए ताकि नवजात की मौत की असली वजह सामने आ सके और लापरवाही बरतने वाले दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जा सके।