झांसी पुलिस की बड़ी कार्रवाई: नकली सिगरेट फैक्ट्री का भंडाफोड़, कानपुर-दिल्ली तक फैला नेटवर्क

उत्तर प्रदेश की झांसी पुलिस ने अवैध व्यापार के खिलाफ एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने एक गुप्त सूचना के आधार पर छापेमारी कर नकली सिगरेट बनाने वाली एक विशाल फैक्ट्री का पर्दाफाश किया है। यह पूरी कार्रवाई नवाबाद थाना क्षेत्र के महाराणा प्रताप नगर इलाके में की गई, जहां बड़े पैमाने पर नामी ब्रांड्स की नकली सिगरेट तैयार की जा रही थीं।
पुलिस की इस छापेमारी में मौके से भारी मात्रा में नकली सिगरेट, कच्चा तंबाकू और सिगरेट बनाने वाली आधुनिक मशीनें बरामद हुई हैं। अधिकारियों के मुताबिक, जब्त किए गए सामान की कुल कीमत करीब दो करोड़ रुपये आंकी गई है। जांच में यह चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि इस फैक्ट्री का जाल सिर्फ स्थानीय स्तर तक सीमित नहीं था, बल्कि इसका वितरण नेटवर्क कानपुर और दिल्ली जैसे बड़े शहरों तक फैला हुआ था।
करोड़ों का नुकसान करा रहा अवैध तंबाकू कारोबार
तंबाकू उद्योग के विशेषज्ञों का मानना है कि देश में अवैध तंबाकू व्यापार एक गंभीर समस्या बन चुका है। अनुमान है कि घरेलू बाजार का लगभग एक चौथाई हिस्सा इन अवैध उत्पादों के कब्जे में है, जिससे सालाना करीब 23,000 करोड़ रुपये का भारी नुकसान होता है।
सिर्फ झांसी ही नहीं, बल्कि इससे पहले सितंबर 2026 में मेरठ में भी ऐसी ही एक बड़ी कार्रवाई हुई थी, जिसने यह साफ कर दिया कि नकली उत्पादों की सप्लाई चेन कितनी जटिल है। दिल्ली के सदर बाजार जैसे बड़े बाजारों में इन नकली सिगरेटों की भारी मांग रहती है। टोबैको इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया जैसी संस्थाओं ने चेतावनी दी है कि ऐसे अवैध कारखाने न केवल कानूनी अर्थव्यवस्था को चोट पहुंचाते हैं, बल्कि इनसे होने वाली कमाई का इस्तेमाल आपराधिक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए भी किया जा सकता है।