जौनपुर: गौशाला और मनरेगा फंड में करोड़ों का घोटाला, ग्राम प्रधान गिरफ्तार
जौनपुर के दामौदरा ग्राम पंचायत के प्रधान अजीत कुमार सिंह को गौशाला और मनरेगा फंड में हेराफेरी के आरोप में गिरफ्तार किया गया है।

उत्तर प्रदेश के जौनपुर जिले से भ्रष्टाचार का एक बड़ा मामला सामने आया है, जहां सरकारी पैसों के गबन के आरोप में एक ग्राम प्रधान को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। रामपुर थाना क्षेत्र की दामौदरा ग्राम पंचायत के प्रधान अजीत कुमार सिंह, जिन्हें लोग पिंटू के नाम से भी जानते हैं, पर सरकारी धन के दुरुपयोग का गंभीर आरोप लगा है।
पूरा मामला सरकारी फंड की हेराफेरी से जुड़ा है। विभागीय जांच में यह बात सामने आई कि साल 2023-24 से 2025-26 के बीच गौशाला के निर्माण और रखरखाव के लिए आवंटित 62.3 लाख रुपये का गबन किया गया। आरोप है कि प्रधान ने इस भारी-भरकम राशि को गौशाला पर खर्च करने के बजाय अपनी मां के बैंक खाते में ट्रांसफर कर दिया।
मनरेगा में भी हुआ बड़ा फर्जीवाड़ा
घोटाला सिर्फ गौशाला तक सीमित नहीं था, बल्कि मनरेगा (MGNREGA) योजना में भी बड़ी धांधली पकड़ी गई है। अमृत सरोवर के सौंदर्यीकरण और खुदाई के नाम पर करीब 28.81 लाख रुपये मजदूरों की मजदूरी के तौर पर निकाले गए। लेकिन जांच में खुलासा हुआ कि यह काम मजदूरों से कराने के बजाय जेसीबी मशीन से कराया गया, जबकि कागजों पर मजदूरों को भुगतान दिखाया गया।
इस पूरे मामले में 18 सितंबर 2026 को रामपुर थाने में ग्राम प्रधान और तत्कालीन पंचायत सचिव के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई थी। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी ग्राम प्रधान को हिरासत में ले लिया है और अब आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।