वाराणसी के नमो घाट पर IAF का दम, एयर डिस्प्ले के बीच जारी हुआ स्पेशल कवर
भारतीय वायुसेना ने अपनी 94वीं वर्षगांठ पर वाराणसी के नमो घाट पर 'विंग्स ओवर गंगा' डिस्प्ले के दौरान एक विशेष कवर जारी किया।

धर्म और संस्कृति की नगरी काशी के आसमान में जब भारतीय वायुसेना (IAF) के लड़ाकू विमानों ने गर्जना की, तो पूरा वाराणसी रोमांच से भर उठा। वायुसेना की देश सेवा के 94 गौरवशाली वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में नमो घाट पर आयोजित एक भव्य एयर डिस्प्ले के दौरान एक 'स्पेशल कवर' जारी किया गया। यह आयोजन वायुसेना के आउटरीच प्रोग्राम का हिस्सा था, जिसने काशीवासियों को भारतीय वायुसेना की ताकत और अनुशासन का करीब से अनुभव कराया।
इस विशेष कवर का विमोचन वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल एपी सिंह और वाराणसी क्षेत्र की पोस्टमास्टर जनरल श्रीमती पद्मगंधा मिश्रा द्वारा किया गया। 'विंग्स ओवर गंगा' शीर्षक वाले इस शानदार कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहे। उनके साथ रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी इस ऐतिहासिक पल का गवाह बनकर वायुसेना के शौर्य को सराहा।
आसमान में दिखा 'विंग्स ओवर गंगा' का जलवा
नमो घाट के ऊपर हुआ यह एयर डिस्प्ले किसी सिनेमाई दृश्य से कम नहीं था। इसमें तेजस, एलसीएच प्रचंड, आईएल-76, आईएल-78, सी-295 और एएन-32 जैसे विमानों ने अपनी क्षमता का प्रदर्शन किया। साथ ही, सुखोई-30 एमकेआई और राफेल जैसे फ्रंटलाइन फाइटर जेट्स ने अपनी रफ्तार से सबको हैरान कर दिया। खास बात यह रही कि इस प्रदर्शन में भारतीय नौसेना और सेना के विमानों ने भी हिस्सा लिया, जो तीनों सेनाओं के बीच आपसी तालमेल और एकजुटता को दर्शाता है।
कार्यक्रम का सबसे रोमांचक हिस्सा 'सूर्य किरण एरोबैटिक टीम' (SKAT) का प्रदर्शन रहा। टीम के स्क्वाड्रन लीडर भावेश शर्मा ने बताया कि गंगा नदी के खूबसूरत किनारों के सामने उड़ान भरना एक अद्भुत अनुभव था। उन्होंने अपनी टीम के सिग्नेचर '9 डायमंड फॉर्मेशन' के जरिए आसमान में ऐसे करतब दिखाए कि दर्शक दंग रह गए।
भारतीय वायुसेना के जनसंपर्क अधिकारी विंग कमांडर जयदीप सिंह ने आयोजन की भव्यता पर प्रकाश डालते हुए बताया कि काशी के लोगों के लिए यह एक यादगार दिन था। इस फ्लाईपास्ट में कुल 94 विमानों ने हिस्सा लिया, जो वायुसेना की 94वीं वर्षगांठ का प्रतीक था। प्रदर्शन के दौरान करीब 31 विमानों के फॉर्मेशन ने आसमान में अपनी कलाकारी बिखेरी।