शाहजहाँपुर में स्वास्थ्य कर्मियों का हल्लाबोल, मांगें न मानने पर 12 अक्टूबर से लखनऊ में अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी

उत्तर प्रदेश के शाहजहाँपुर में स्वास्थ्य विभाग के संविदा कर्मचारियों ने अपनी लंबित मांगों को लेकर मोर्चा खोल दिया है। शुक्रवार को बड़ी संख्या में स्वास्थ्य कर्मियों ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) कार्यालय परिसर में जोरदार प्रदर्शन किया। यह विरोध प्रदर्शन 8, 9 और 10 अक्टूबर तक चलने वाले आंदोलनों की एक कड़ी है, जिसमें कर्मचारियों ने अपनी एकजुटता दिखाते हुए सरकार को चेतावनी दी है कि वे अपने अधिकारों की लड़ाई से पीछे नहीं हटेंगे।
इस आंदोलन को मजबूती देने के लिए प्रांतीय अध्यक्ष ठाकुर मयंक सिंह शाहजहाँपुर पहुंचे। उन्होंने प्रदर्शनकारियों का उत्साह बढ़ाते हुए कहा कि उनकी समस्याओं के समाधान के लिए प्रांतीय स्तर पर लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। हालांकि, उन्होंने स्पष्ट शब्दों में चेतावनी दी कि यदि 10 अक्टूबर तक उनकी मांगों का कोई ठोस समाधान नहीं निकला, तो 12 अक्टूबर से लखनऊ में एक बड़े स्तर पर अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू की जाएगी।
सरकारी अधिकारियों के साथ बैठक की उम्मीद
प्रदर्शन के बीच एक उम्मीद की किरण तब जगी जब प्रांतीय पदाधिकारियों को शुक्रवार रात सरकारी अधिकारियों के साथ एक बैठक की सूचना मिली। कर्मचारियों को उम्मीद है कि इस बातचीत से उनकी समस्याओं का सकारात्मक समाधान निकल सकता है, लेकिन संगठन ने साफ कर दिया है कि यदि बातचीत विफल रही, तो आंदोलन और तेज होगा। शाहजहाँपुर के संविदा कर्मियों ने यह भी ऐलान किया कि वे लखनऊ में होने वाले विरोध प्रदर्शन में भारी संख्या में शामिल होंगे।
जिला स्तर पर इस प्रदर्शन में मंडल अध्यक्ष डॉ. अजय नगर, जिला अध्यक्ष डॉ. केडी सिंह, सचिव डॉ. के. मिश्रा, रेड क्रॉस सचिव डॉ. विजय चौधरी, जिला मंत्री विजय सिंह और वरिष्ठ उपाध्यक्ष अपनी द्विवेदी सहित कई सदस्य मौजूद रहे। इसके अलावा अजीत सिंह, प्रमोद वर्मा, डॉ. प्रशांत, पंकज, अनुत्री, शम्सुद्दीन, रईस खान और अनूप कुमार जैसे कर्मचारियों ने भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराई और अपने हक की लड़ाई लड़ने का संकल्प लिया।