गोंडा पुलिस की बड़ी कामयाबी: 55 लाख रुपये के 251 खोए हुए मोबाइल बरामद कर मालिकों को लौटाए

उत्तर प्रदेश के गोंडा जिले में पुलिस ने तकनीक और कड़ी मेहनत का इस्तेमाल करते हुए एक बड़ी सफलता हासिल की है। गोंडा पुलिस मोबाइल रिकवरी अभियान के तहत पुलिस ने कुल 251 खोए हुए मोबाइल फोन बरामद किए हैं, जिनकी कुल कीमत करीब 55 लाख 22 हजार रुपये आंकी गई है। 15 अक्टूबर 2026 को पुलिस अधीक्षक ने इन सभी मोबाइल फोन को उनके असली मालिकों को सौंप दिया, जिससे लोगों के चेहरे पर खुशी लौट आई।
पुलिस के मुताबिक, 1 जुलाई से 13 अक्टूबर 2026 के बीच भारत सरकार के सेंट्रल इक्विपमेंट आइडेंटिटी रजिस्टर (CEIR) पोर्टल पर मोबाइल फोन खोने की कुल 603 शिकायतें दर्ज की गई थीं। इन शिकायतों पर कार्रवाई करते हुए 17 थानों की सर्विलांस टीमों ने आपसी समन्वय से यह बड़ी रिकवरी की। बरामद किए गए फोन में एप्पल, सैमसंग, वीवो, ओप्पो, टेक्नो, रेडमी और वनप्लस जैसे बड़े ब्रांड्स के हैंडसेट शामिल हैं।
अलग-अलग इलाकों से हुई बरामदगी और पुलिस की अपील
इस ऑपरेशन में सबसे ज्यादा रिकवरी कोतवाली नगर से हुई, जहां से 55 फोन मिले। इसके अलावा करनैलगंज से 21, खोडारे से 16, इटियाथोक से 13 और खरगुपुर, धनपुर, नवाबगंज, वजीरगंज व तरबगंज से 10-10 फोन बरामद किए गए। अन्य इलाकों जैसे उमरी बेगमगंज, कटरा बाजार, कौड़िया, परसपुर, मनकापुर, छपिया और मोतीगंज से भी फोन बरामद हुए। इसके साथ ही नोडल टीम ने अलग से 53 मोबाइल फोन रिकवर किए।
इस पूरी कार्रवाई में स्वाट इंस्पेक्टर आशुतोष सिंह, सर्विलांस प्रभारी सब-इंस्पेक्टर मनीष कुमार और सीईआईआर पोर्टल स्टाफ की अहम भूमिका रही। पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि वे 'संचार साथी' ऐप डाउनलोड करें। यदि आपका मोबाइल खो जाता है, तो तुरंत अपने नजदीकी थाने में जाकर खरीद बिल, IMEI नंबर, आधार कार्ड और पहचान पत्र के साथ सीईआईआर पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं। रिकवरी की स्थिति के बारे में अपडेट आपके रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर भेज दिया जाता है।