गाजियाबाद: ट्रांसफार्मर धमाके में एक की मौत, विभाग ने शुरू की बड़ी जांच
गाजियाबाद के नेहरू नगर में CT-PT यूनिट फटने से एक कर्मचारी की मौत और दो गंभीर रूप से घायल। विभाग अब मैन्युफैक्चरिंग डिफेक्ट की जांच कर रहा है।

गाजियाबाद के नेहरू नगर इलाके में एक दर्दनाक हादसा सामने आया है, जहां बिजली विभाग के काम के दौरान एक ट्रांसफार्मर फटने से एक व्यक्ति की जान चली गई और दो अन्य गंभीर रूप से झुलस गए। यह घटना भाटिया मोड़ और भाटिया पॉटरी के पास की है, जिसने इलाके में हड़कंप मचा दिया। गाजियाबाद ट्रांसफार्मर धमाका उस वक्त हुआ जब कर्मचारी नियमित मरम्मत का काम कर रहे थे और अचानक एक CT-PT यूनिट में जोरदार विस्फोट हो गया।
इस हादसे में 35 वर्षीय नियालबुल हसन की मौत हो गई। धमाका इतना भीषण था कि यूनिट से निकला खौलता हुआ तेल पास खड़े कर्मचारियों पर जा गिरा। इस घटना में 50 साल के दीपक शर्मा और 30 साल के मोहम्मद इकरार गंभीर रूप से जल गए। उनकी नाजुक हालत को देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए दिल्ली के अस्पतालों में रेफर किया गया है।
मैन्युफैक्चरिंग डिफेक्ट का शक, कंपनियों के हार्डवेयर की होगी ऑडिट
पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड (PVVNL) ने इस दुखद घटना के बाद औपचारिक जांच शुरू कर दी है। सुपरिटेंडेंट इंजीनियर अनिल कुमार सिंह ने पुष्टि की है कि एक विभागीय कमेटी मामले की गहराई से जांच कर रही है। शुरुआती तौर पर आशंका जताई जा रही है कि CT-PT यूनिट में कोई मैन्युफैक्चरिंग डिफेक्ट (निर्माण दोष) रहा होगा, जिसकी वजह से यह हादसा हुआ।
जांच के दौरान 'सासा स्विचगियर' (Sasa Switchgear) के उपकरणों का जिक्र भी सामने आया है। अब विभाग यह पता लगाने की कोशिश कर रहा है कि क्या यूनिट की बनावट में कोई खामी थी जिसने इस घातक विफलता को जन्म दिया। सुरक्षा मानकों की अनदेखी हुई या नहीं, इसे परखने के लिए सप्लाई कंपनियों द्वारा दिए गए हार्डवेयर का ऑडिट भी किया जा रहा है। फिलहाल जांच जारी है ताकि भविष्य में ऐसे हादसों को रोका जा सके।