एटा पुलिस एनकाउंटर: 1 लाख का इनामी बदमाश ढेर, मुठभेड़ में सिपाही घायल

यूपी के एटा में पुलिस और बदमाशों के बीच मुठभेड़ में 1 लाख का इनामी अपराधी वीरेंद्र मारा गया। अपराधी पर दर्ज थे 53 मुकदमे।

Shubham Singh28 October 20262 min read0 viewsउत्तर प्रदेश
एटा पुलिस एनकाउंटर: 1 लाख का इनामी बदमाश ढेर, मुठभेड़ में सिपाही घायल

उत्तर प्रदेश के एटा जिले में मंगलवार शाम को पुलिस और अपराधियों के बीच जबरदस्त मुठभेड़ हुई। इस एटा पुलिस एनकाउंटर में पुलिस ने एक शातिर अपराधी वीरेंद्र को ढेर कर दिया है, जिस पर एक लाख रुपये का इनाम घोषित था। मुठभेड़ के दौरान पुलिस का एक सिपाही सत्यपाल भी घायल हो गया, जिन्हें तुरंत इलाज के लिए मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है।

जानकारी के मुताबिक, यह मुठभेड़ पिलुआ थाना क्षेत्र के सुनना नहर के पास हुई। पुलिस की टीम संदिग्ध वाहनों की चेकिंग कर रही थी, तभी एक मोटरसाइकिल पर सवार दो लोग वहां पहुंचे। पुलिस को देखते ही आरोपियों ने भागने की कोशिश की और पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने भी गोलियां चलाईं, जिसमें वीरेंद्र गंभीर रूप से घायल हो गया और बाद में उसकी मौत हो गई। हालांकि, उसका एक साथी अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार होने में कामयाब रहा।

53 मुकदमों का था आरोपी, जेल से छूटते ही फिर शुरू किया अपराध

मारा गया अपराधी वीरेंद्र मैनपुरी जिले के हरचंदपुर का रहने वाला था और अपराध की दुनिया में उसका लंबा इतिहास था। वह 17 अक्टूबर 2026 को ही जेल से बाहर आया था, लेकिन बाहर आते ही उसने फिर से वारदातें शुरू कर दीं। 22 अक्टूबर को उसने अपने साथियों के साथ अलीगंज थाना क्षेत्र में जौहरी संजय यादव के यहां बंदूक की नोक पर नकदी और सोने-चांदी के जेवरात लूट लिए थे।

एटा के एसएसपी डॉ. एलमरामन जी ने बताया कि वीरेंद्र के खिलाफ मैनपुरी, इटावा, आगरा और एटा सहित पांच जिलों में हत्या, लूट और डकैती जैसे 53 गंभीर मामले दर्ज थे। उसकी तलाश में पुलिस सीसीटीवी फुटेज और सर्विलांस की मदद ले रही थी। आगरा के एडीजी ने 25 अक्टूबर को ही उस पर एक लाख रुपये का इनाम रखा था।

पुलिस ने मौके से एक अवैध पिस्तौल, कारतूस और बिना नंबर की एक नीले रंग की अपाचे मोटरसाइकिल बरामद की है। जांच में पता चला है कि यह मोटरसाइकिल उन्नाव से चोरी की गई थी।

राज्य सरकार के दिशा-निर्देशों के अनुसार, इस एनकाउंटर की पूरी पारदर्शिता के साथ जांच की जाएगी। घटनास्थल की वीडियोग्राफी कराई गई है और दो डॉक्टरों के पैनल द्वारा कैमरे के सामने पोस्टमार्टम किया जाएगा। मामले की निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए जांच किसी दूसरी पुलिस यूनिट या क्राइम ब्रांच को सौंपी जाएगी, और इसकी निगरानी वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा की जाएगी। स्थानीय थाने में इस घटना को लेकर एफआईआर दर्ज कर ली गई है।

Share:

Comments

Leave a comment