अंबेडकर नगर: वोटर लिस्ट से नाम हटाने पर भड़की कांग्रेस, कलेक्ट्रेट पर किया जोरदार प्रदर्शन

उत्तर प्रदेश के अंबेडकर नगर में मंगलवार को कांग्रेस पार्टी ने मतदाता सूची के विशेष गहन संशोधन (SIR) और नामों को हटाए जाने के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष कृष्ण कुमार यादव के नेतृत्व में पार्टी कार्यकर्ताओं ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने डॉ. बी.आर. अंबेडकर की प्रतिमा के पास एकत्र होकर चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए और इसे लोकतंत्र के लिए खतरा बताया।
'वोट चोरी' के खिलाफ नारेबाजी और बैलेट पेपर की मांग
प्रदर्शन के दौरान जिला अध्यक्ष कृष्ण कुमार यादव ने एक बड़ा दावा करते हुए कहा कि देशभर में लगभग 13 करोड़ मतदाताओं के नाम सूचियों से हटा दिए गए हैं। कांग्रेस नेताओं का तर्क है कि मतदाता सूची लोकतांत्रिक भागीदारी का आधार है और बिना उचित जांच के नाम हटाना सीधे तौर पर वोट देने के अधिकार का उल्लंघन है। पार्टी ने आरोप लगाया कि इस संशोधन प्रक्रिया के जरिए वास्तविक मतदाताओं के नाम गलत तरीके से काटे जा सकते हैं।
विरोध प्रदर्शन में शामिल कार्यकर्ताओं ने 'वोट चोरी' के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और चुनाव प्रक्रिया में पारदर्शिता की मांग की। कांग्रेस ने अपनी मांगों की सूची में निम्नलिखित प्रमुख बिंदु रखे हैं:
- बिना गहन सत्यापन के किसी भी मतदाता का नाम सूची से न हटाया जाए।
- जिन लोगों के नाम हटाए गए हैं, उन्हें अपनी बात रखने का पूरा मौका मिले।
- इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) को हटाकर दोबारा बैलेट पेपर से मतदान शुरू किया जाए।
- मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार अपने पद से इस्तीफा दें।
- चुनाव आयोग मतदाता सूची में विसंगतियों पर सार्वजनिक स्पष्टीकरण दे।
कांग्रेस पदाधिकारियों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर जल्द गौर नहीं किया गया, तो यह आंदोलन केवल शहर तक सीमित नहीं रहेगा। उन्होंने कहा कि इस विरोध प्रदर्शन को गांव-गांव तक ले जाया जाएगा और सड़कों से लेकर संसद तक प्रदर्शन किया जाएगा, जिसमें सड़क जाम जैसे कड़े कदम भी शामिल हो सकते हैं, ताकि चुनावी प्रक्रिया निष्पक्ष और पारदर्शी बनी रहे।