अमेठी: रामलीला मैदान में गूंजा जय श्री राम, 25 फीट ऊंचे रावण का हुआ दहन

उत्तर प्रदेश के अमेठी दशहरा उत्सव के दौरान बुराई पर अच्छाई की जीत का जश्न बड़े ही धूमधाम से मनाया गया। मंगलवार को स्थानीय रामलीला मैदान में आयोजित विजयदशमी मेले में भारी भीड़ उमड़ी, जहां शाम 6:30 बजे दस सिरों वाले 25 फीट ऊंचे रावण के पुतले को अग्नि के हवाले कर दिया गया। जैसे ही पुतले में आग लगी, पूरा मैदान 'जय श्री राम' के उद्घोष से गूंज उठा।
इस भव्य पुतले का निर्माण प्रयागराज के कलाकारों द्वारा किया गया था। रावण दहन से पहले भगवान राम और रावण के बीच हुए युद्ध का नाटकीय मंचन किया गया, जिसने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। लगभग 10 मिनट तक चले इस दहन समारोह ने लोगों को धर्म और सत्य की जीत का संदेश दिया।
मेले की रौनक और सुरक्षा के कड़े इंतजाम
दशहरा मेले में केवल रावण दहन ही नहीं, बल्कि बच्चों के लिए झूले, खाने-पीने के स्टॉल और विभिन्न दुकानों ने उत्सव की रौनक को और बढ़ा दिया। बड़ी संख्या में पहुंचे लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा।
- अमेठी कोतवाली प्रभारी शिवकांत त्रिपाठी ने अपनी टीम के साथ पूरे मैदान का निरीक्षण किया और सुरक्षा व्यवस्था की कमान संभाली।
- किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए मौके पर फायर ब्रिगेड की गाड़ी तैनात रखी गई थी।
- सुरक्षा के लिए पीएसी (PAC) के जवानों को भी तैनात किया गया था।
- खास बात यह रही कि पुतले की सुरक्षा में तैनात 'राम' और 'लखन' नाम के दो पुलिस उप-निरीक्षकों ने लोगों का काफी ध्यान खींचा।
स्थानीय पुलिस की कड़ी निगरानी और बेहतर प्रबंधन के कारण पूरा कार्यक्रम शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ।