आगरा शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र चुनाव: जीत के बाद सपा एमएलसी आकाश अग्रवाल ने प्रशासन पर लगाया दुरुपयोग का आरोप
आगरा शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से जीते सपा एमएलसी आकाश अग्रवाल ने चुनाव प्रक्रिया को लोकतंत्र का काला अध्याय बताया। पूरी खबर पढ़ें।

आगरा शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव में शानदार जीत दर्ज करने के बाद समाजवादी पार्टी (सपा) के एमएलसी आकाश अग्रवाल ने राज्य प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने इस पूरी चुनावी प्रक्रिया को लोकतंत्र के लिए एक 'काला अध्याय' करार दिया है। आकाश अग्रवाल ने भाजपा उम्मीदवार हरि किशोर तिवारी को 4,263 वोटों से हराकर लगातार दूसरी बार जीत हासिल की, लेकिन इस जीत के बावजूद वे चुनाव के दौरान हुई कथित धांधली से संतुष्ट नहीं हैं।
आकाश अग्रवाल का दावा है कि यदि चुनाव निष्पक्ष हुए होते और प्रशासन का दुरुपयोग नहीं किया गया होता, तो समाजवादी पार्टी कम से कम आठ सीटों पर अपनी जीत दर्ज कराती। उन्होंने 23 अक्टूबर 2026 को हुए मतदान के दिन से ही विवादों का जिक्र किया और आरोप लगाया कि कई जगहों पर बूथ कैप्चरिंग की गई और मतदाताओं को डराया-धमकाया गया।
गिनती रोकने और धांधली के गंभीर दावे
जीत की घोषणा 28 अक्टूबर 2026 को हुई, लेकिन आकाश अग्रवाल ने आरोप लगाया कि जैसे ही उन्होंने मीडिया से बात की, मतगणना की प्रक्रिया को जानबूझकर रोक दिया गया। उन्होंने सबूत के तौर पर तीन विशिष्ट बूथों पर दोबारा मतदान (री-पोलिंग) की सिफारिश का हवाला दिया, जिससे यह स्पष्ट होता है कि 12 जिलों में चुनावी शुचिता प्रभावित हुई थी।
29 अक्टूबर को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान अग्रवाल ने अपनी धार्मिक आस्था और सनातन धर्म के प्रति प्रतिबद्धता दोहराई, साथ ही भाजपा पर वैश्य समुदाय का अनादर करने का आरोप भी लगाया। इस पूरे मामले में समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव ने भी अपना समर्थन जताया है और चुनाव आयोग द्वारा चुनाव प्रबंधन पर गहरा अविश्वास व्यक्त किया है।
हालांकि, मतगणना केंद्रों पर सपा और भाजपा समर्थकों के बीच तीखी नोकझोंक और विवाद की खबरें भी सामने आईं, लेकिन अंततः परिणामों को अंतिम मान लिया गया और आकाश अग्रवाल की जीत की पुष्टि हुई।