आगरा: पिंक संपूर्ण समाधान दिवस में उमड़ी महिलाएं, पुलिस ने मौके पर किया शिकायतों का निपटारा

उत्तर प्रदेश में महिलाओं की सुरक्षा और उनके सम्मान को सुनिश्चित करने के लिए चलाए जा रहे 'मिशन शक्ति' अभियान के तहत आगरा पुलिस अब और अधिक सक्रिय नजर आ रही है। इसी कड़ी में आगरा कमिश्नरेट द्वारा 'सशक्त नारी, समृद्ध प्रदेश' की तर्ज पर महिलाओं और बेटियों के सशक्तिकरण के लिए विशेष कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। हाल ही में सदर तहसील में आगरा पिंक संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में स्थानीय महिलाओं ने पहुंचकर अपनी समस्याएं साझा कीं।
इस विशेष शिविर की अध्यक्षता हरिपर्वत और लाइन्स के सहायक पुलिस आयुक्त (ACP) बजरंग प्रसाद ने की। कार्यक्रम के दौरान ACP प्रसाद ने महिलाओं द्वारा दी गई शिकायतों की बारीकी से समीक्षा की और अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि हर एक शिकायत का समाधान समय सीमा के भीतर और पूरी पारदर्शिता के साथ किया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि महिलाओं की समस्याओं के प्रति पुलिस का रवैया बेहद गंभीर होना चाहिए ताकि उन्हें न्याय मिलने में देरी न हो।
मिशन शक्ति 6.0 के तहत सुरक्षा का घेरा
बता दें कि यह पूरा अभियान मिशन शक्ति के छठे चरण (Phase 6.0) का हिस्सा है, जिसकी शुरुआत 11 अक्टूबर 2026 को की गई थी। पुलिस कमिश्नर दीपक कुमार के निर्देशन में पूरे आगरा कमिश्नरेट में महिलाओं की सुरक्षा, गरिमा और साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है।
इस मुहिम को जमीनी स्तर पर प्रभावी बनाने के लिए कई कदम उठाए गए हैं, जिनमें मुख्य रूप से शामिल हैं:
- महिला बीट पुलिस अधिकारी: मोहल्लों और कॉलोनियों में महिलाओं की पहुंच आसान बनाने के लिए महिला बीट अधिकारियों की तैनाती।
- हेल्पलाइन सेवाओं का प्रचार: 1090 जैसी आपातकालीन सेवाओं के बारे में महिलाओं को जागरूक करना ताकि वे बिना डरे मदद मांग सकें।
- साइबर सुरक्षा: डिजिटल युग में महिलाओं को साइबर अपराधों से बचाने के लिए विशेष जागरूकता कार्यक्रम।
आगरा पुलिस का यह प्रयास न केवल शिकायतों के निस्तारण तक सीमित है, बल्कि इसका मुख्य उद्देश्य महिलाओं के मन में पुलिस के प्रति विश्वास जगाना और उन्हें एक सुरक्षित वातावरण प्रदान करना है।