Bihar: भागलपुर और नवगछिया के बीच सड़क संपर्क पूरी तरह टूट गया है क्योंकि विक्रमशिला सेतु का एक स्लैब गंगा नदी में गिर गया। इस हादसे की वजह से इलाके का जनजीवन जैसे 20 साल पीछे चला गया है और लोग अब फिर से नावों के जरिए नदी
Bihar: भागलपुर और नवगछिया के बीच सड़क संपर्क पूरी तरह टूट गया है क्योंकि विक्रमशिला सेतु का एक स्लैब गंगा नदी में गिर गया। इस हादसे की वजह से इलाके का जनजीवन जैसे 20 साल पीछे चला गया है और लोग अब फिर से नावों के जरिए नदी पार कर रहे हैं। प्रशासन ने वैकल्पिक व्यवस्था की है लेकिन यात्रियों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
पुल की मरम्मत और नया पुल कब तक होगा तैयार
बिहार राज्य पुल निर्माण निगम के अध्यक्ष डॉ. चंद्रशेखर सिंह ने बताया कि पुल के खंभों को कोई नुकसान नहीं पहुंचा है। मरम्मत के काम में IIT Patna की मदद ली जा रही है और इसे तीन महीने में पूरा करने का लक्ष्य है। वहीं, समानांतर बन रहा चार लेन वाला नया पुल दिसंबर 2026 तक चालू होने की उम्मीद है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने हवाई सर्वेक्षण के बाद काम में तेजी लाने का निर्देश दिया है और BRO से भी सहायता मांगी है।
नाव सेवा के नियम और किराया क्या है
प्रशासन ने बाबूपुर और बरारी घाटों पर सरकारी नाव सेवा शुरू की है जो सुबह 5 बजे से शाम 5 बजे तक मुफ्त उपलब्ध है। निजी नावों के लिए पंजीकरण जरूरी किया गया है और किराया तय कर दिया गया है ताकि यात्रियों से मनमाना पैसा न लिया जाए।
- 12 साल से कम उम्र के बच्चे: 25 रुपये
- अन्य यात्री: 50 रुपये
- साइकिल: 25 रुपये
- बाइक: 50 रुपये
आम लोगों को हो रही परेशानी और वैकल्पिक रास्ते
शाम 5 बजे के बाद नाव सेवा बंद होने से मजदूर, छात्र और व्यापारी काफी परेशान हैं और उन्होंने समय बढ़ाने की मांग की है। ट्रैफिक के दबाव को कम करने के लिए प्रशासन ने लोगों को मुंगेर के श्रीकृष्ण सिंह सेतु और खगड़िया के नए पुल का इस्तेमाल करने की सलाह दी है। अजगैवीनाथ धाम वाले रास्ते पर भारी जाम की स्थिति बनी हुई है जहां पुलिस तैनात है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
विक्रमशिला सेतु की मरम्मत में कितना समय लगेगा?
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और प्रशासन के अनुसार पुल की मरम्मत का कार्य अगले तीन महीने में पूरा होने की उम्मीद है, जिसमें IIT पटना के विशेषज्ञों की मदद ली जा रही है।
नाव सेवा का समय और किराया क्या है?
सरकारी नाव सेवा सुबह 5 बजे से शाम 5 बजे तक मुफ्त है। निजी नावों का किराया बच्चों के लिए 25 रुपये और बड़ों के लिए 50 रुपये तय किया गया है।