Venezuela में भीषण भूकंप से तबाही, 164 लोगों की मौत और करीब 1000 घायल
World : वेनेजुएला में आए दो शक्तिशाली भूकंपों ने भारी तबाही मचाई है। इस प्राकृतिक आपदा में अब तक कम से कम 164 लोगों की जान जा चुकी है और करीब 1,000 लोग घायल हुए हैं। देश की अंतरिम राष्ट्रपति Delcy Rodriguez ने पुष्टि की
World : वेनेजुएला में आए दो शक्तिशाली भूकंपों ने भारी तबाही मचाई है। इस प्राकृतिक आपदा में अब तक कम से कम 164 लोगों की जान जा चुकी है और करीब 1,000 लोग घायल हुए हैं। देश की अंतरिम राष्ट्रपति Delcy Rodriguez ने पुष्टि की है कि 971 लोग चोटिल हुए हैं। भूकंप के बाद आए दर्जनों आफ्टरशॉक्स ने लोगों की मुश्किलों को और बढ़ा दिया है।
यह हादसा बुधवार शाम, 24 जून 2026 को हुआ। US Geological Survey (USGS) के मुताबिक, पहले 7.2 तीव्रता का झटका महसूस किया गया और उसके ठीक एक मिनट बाद 7.5 तीव्रता का मुख्य भूकंप आया। जानकारों का कहना है कि यह पिछले सौ सालों में वेनेजुएला में आने वाले सबसे शक्तिशाली भूकंपों में से एक था। सबसे ज्यादा असर La Guaira इलाके में हुआ है, जिसे सरकार ने ‘डिजास्टर जोन’ घोषित कर दिया है।
हालात की गंभीरता को देखते हुए राष्ट्रपति Delcy Rodriguez ने पूरे देश में आपातकाल (National State of Emergency) लागू कर दिया है। उन्होंने सभी डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों को तुरंत अस्पतालों में पहुँचने की सलाह दी है। राजधानी Caracas के Los Palos Grandes और Altamira जैसे इलाकों में कई घर और इमारतें पूरी तरह गिर गई हैं।
इस आपदा के कारण देश की व्यवस्थाएं चरमरा गई हैं। मुख्य हवाई अड्डा Simón Bolívar International Airport को भारी नुकसान के कारण बंद कर दिया गया है। इसके अलावा मेट्रो और ट्रेन सेवाएं रोक दी गई हैं और स्कूलों में कई दिनों की छुट्टी घोषित की गई है। शिक्षा मंत्रालय ने कुछ स्कूल इमारतों को राहत शिविरों और मदद केंद्रों के रूप में इस्तेमाल करने का फैसला किया है।
वेनेजुएला की मदद के लिए दुनिया भर से हाथ आगे आए हैं। अमेरिका ने राष्ट्रपति Donald Trump और विदेश मंत्री Marco Rubio के जरिए सर्च टीम और मेडिकल सहायता भेजने का वादा किया है। इसके अलावा भारत के पड़ोसी देशों और दुनिया के कई बड़े देशों जैसे चीन, फ्रांस, जर्मनी, तुर्की, ब्रिटेन और ब्राजील ने भी मदद की पेशकश की है। जर्मनी ने सैन्य परिवहन विमान भेजने की तैयारी की है, जबकि ग्लोबल एम्पावरमेंट मिशन (GEM) जैसी संस्थाएं भी राहत सामग्री भेज रही हैं।