UPTET परीक्षा का दूसरा दिन: लखनऊ समेत कई जिलों में उमड़ी भीड़, कड़ी सुरक्षा के बीच संपन्न हुई परीक्षा

UP/Lucknow: उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) 2026 के दूसरे दिन 3 जुलाई को लखनऊ और प्रदेश के अन्य जिलों में परीक्षा केंद्रों पर अभ्यर्थियों की भारी भीड़ देखी गई। कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच परीक्षा शांतिपूर्ण

UP/Lucknow: उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) 2026 के दूसरे दिन 3 जुलाई को लखनऊ और प्रदेश के अन्य जिलों में परीक्षा केंद्रों पर अभ्यर्थियों की भारी भीड़ देखी गई। कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच परीक्षा शांतिपूर्ण तरीके से पूरी हुई, हालांकि परीक्षा देने वाले कुछ छात्रों ने कुछ विषयों के सवालों को कठिन बताया है।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को निर्देश दिए थे कि परीक्षा पूरी तरह निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से हो। उन्होंने अभ्यर्थियों के लिए तनाव मुक्त माहौल बनाने और किसी भी तरह की गड़बड़ी पर जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाने को कहा था। लखनऊ के जिलाधिकारी विशाख जी अय्यर और संयुक्त पुलिस आयुक्त बबलू कुमार ने खुद केंद्रों का निरीक्षण किया ताकि कानून व्यवस्था बनी रहे। लखनऊ के 46 केंद्रों पर लगभग 96,454 अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल हो रहे हैं।

नकल रोकने के लिए इस बार प्रशासन ने बहुत सख्त इंतजाम किए थे। सभी केंद्रों पर AI-सक्षम CCTV कैमरे लगाए गए और एक एकीकृत कमांड कंट्रोल रूम से निगरानी की गई। अभ्यर्थियों की पहचान के लिए बायोमेट्रिक सत्यापन और आईआरआईएस स्कैनिंग का इस्तेमाल किया गया। सुरक्षा जांच इतनी कड़ी थी कि महिलाओं को जेवर उतारने पड़े और सभी अभ्यर्थियों को जूते-मोजे उतरवाकर अंदर भेजा गया।

नियमों का पालन न करने वालों के लिए भारी जुर्माने और सजा का प्रावधान रखा गया है। नकल करते पकड़े जाने पर 1 करोड़ रुपये तक का जुर्माना और आजीवन कारावास तक की सजा हो सकती है। साथ ही, परीक्षा केंद्रों के 200 मीटर के दायरे में साइबर कैफे और फोटोकॉपी की दुकानें बंद रखी गई थीं ताकि कोई गड़बड़ी न हो सके।

परीक्षा के पैटर्न की बात करें तो इसमें 150 बहुविकल्पीय प्रश्न थे और समय ढाई घंटे का था। राहत की बात यह रही कि परीक्षा में कोई नेगेटिव मार्किंग नहीं थी। दिव्यांग अभ्यर्थियों के लिए लेखक की सुविधा और प्रति घंटे 20 मिनट का अतिरिक्त समय दिया गया था।