UP : उत्तर प्रदेश में मौसम ने अचानक करवट ली है। मौसम विभाग ने 12 मई से प्रदेश के कई जिलों में तेज आंधी, बारिश और ओलावृष्टि की चेतावनी दी है। पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से अगले दो-तीन दिनों तक मौसम खराब रहने का अनुमान
UP : उत्तर प्रदेश में मौसम ने अचानक करवट ली है। मौसम विभाग ने 12 मई से प्रदेश के कई जिलों में तेज आंधी, बारिश और ओलावृष्टि की चेतावनी दी है। पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से अगले दो-तीन दिनों तक मौसम खराब रहने का अनुमान है, जिससे आम जनजीवन और खेती पर असर पड़ सकता है।
किन जिलों में Orange और Yellow Alert जारी हुआ है?
मौसम विभाग ने बाराबंकी, हरदोई, सीतापुर, बहराइच, शाहजहांपुर, लखीमपुर खीरी, बरेली, पीलीभीत और बदायूं जैसे जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। यहाँ 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। वहीं नोएडा, गाजियाबाद, मेरठ, आगरा, झांसी और मथुरा समेत 38 जिलों में येलो अलर्ट है, जहाँ बिजली गिरने और मध्यम बारिश की संभावना है। लखनऊ, अयोध्या और गोरखपुर में भी हल्की बारिश और तेज हवाओं का अनुमान है।
मौसम विशेषज्ञों ने क्या कहा और क्या सलाह दी?
आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र, लखनऊ के वरिष्ठ वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह के मुताबिक, 15 मई तक पश्चिमी और पूर्वी यूपी के तराई इलाकों में बादल छाए रहेंगे। सीएसए के अधिकारी अजय मिश्रा ने भी अगले कुछ दिनों तक बादलों की आवाजाही की बात कही है। प्रशासन ने लोगों को सलाह दी है कि वे खराब मौसम में बाहर निकलने से बचें और गरज-चमक के समय पेड़ों या बिजली के खंभों के नीचे शरण न लें। किसानों को भी मौसम की जानकारी लेकर ही फसल संबंधी काम करने को कहा गया है।
तापमान और मानसून पर क्या असर पड़ेगा?
बारिश के बावजूद आने वाले दिनों में तापमान में 6 से 8 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी हो सकती है। हाल ही में बांदा सबसे गर्म जिला रहा जहाँ तापमान 41.6 डिग्री सेल्सियस तक गया। वहीं स्काईमेट के अनुसार, इस साल मानसून सामान्य से करीब 6 प्रतिशत कम रह सकता है, जिसका असर जून से सितंबर के बीच उत्तर प्रदेश सहित पूरे देश में कम बारिश के रूप में दिख सकता है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
यूपी में मौसम कब तक खराब रहेगा?
पश्चिमी विक्षोभ के कारण 12 से 14 मई के बीच मौसम का असर सबसे ज्यादा रहेगा। 15 मई तक बारिश और बादल छाए रहने की संभावना है, जिसके बाद 15 से 20 मई के बीच मौसम स्थिर हो सकता है।
किन जिलों में सबसे ज्यादा खतरा है?
बाराबंकी, हरदोई, सीतापुर और लखीमपुर खीरी समेत कई जिलों में ऑरेंज अलर्ट है, जहाँ 40-60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने और ओलावृष्टि की संभावना जताई गई है।