UP : लखनऊ और आसपास के इलाकों में सोमवार देर रात आए भीषण आंधी-तूफान ने रेल यातायात को पूरी तरह अस्त-व्यस्त कर दिया। इस तूफान की वजह से रेलवे पटरियों पर पेड़ गिर गए और बिजली की लाइनें टूट गईं, जिससे कई ट्रेनें 6 से 8 घंटे
UP : लखनऊ और आसपास के इलाकों में सोमवार देर रात आए भीषण आंधी-तूफान ने रेल यातायात को पूरी तरह अस्त-व्यस्त कर दिया। इस तूफान की वजह से रेलवे पटरियों पर पेड़ गिर गए और बिजली की लाइनें टूट गईं, जिससे कई ट्रेनें 6 से 8 घंटे तक देरी से चलीं। इस प्राकृतिक आपदा का असर मंगलवार और बुधवार तक देखा गया, जिससे हजारों यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
किन ट्रेनों पर पड़ा सबसे ज्यादा असर?
तूफान के कारण लखनऊ मेल और एसी एक्सप्रेस जैसी कई प्रमुख ट्रेनें बुरी तरह प्रभावित हुईं। हरदोई-शाहजहांपुर रेलखंड पर सबसे ज्यादा नुकसान हुआ। रेलवे के आंकड़ों के अनुसार कई ट्रेनें अपने निर्धारित समय से बहुत पीछे चल रही थीं।
| ट्रेन का नाम और नंबर |
देरी का समय |
विवरण |
| लखनऊ मेल (12229) |
7 घंटे 20 मिनट |
नई दिल्ली दोपहर 2:15 बजे पहुंची |
| लखनऊ-चंडीगढ़ सुपरफास्ट (12231) |
8 घंटे |
चंडीगढ़ पहुंचने में भारी देरी |
| नौचंदी एक्सप्रेस (14241) |
6 घंटे 40 मिनट |
शाहजहांपुर तक लेट |
| देहरादून वंदे भारत (22545) |
1 घंटा 37 मिनट |
सुबह 6:52 बजे रवाना हुई |
रेलवे ने कैसे संभाला हालात और क्या था कारण?
उत्तर रेलवे के सीनियर डीसीएम समर्थ गुप्ता और मुरादाबाद मंडल के महेश यादव ने बताया कि तेज हवाओं की वजह से अयोध्या, गोंडा, प्रयागराज, वाराणसी और मुरादाबाद सेक्शन में 30 से ज्यादा पेड़ पटरियों पर गिर गए थे। इससे OHE (ओवरहेड इक्विपमेंट) लाइनें टूट गईं। मंडल रेल प्रबंधक विनीता श्रीवास्तव के निर्देश पर तकनीकी टीमों ने रात भर काम करके मलबे को हटाया और बिजली लाइनों की मरम्मत की, जिसके बाद ट्रेनों का संचालन धीरे-धीरे सामान्य हो सका।
अगले 48 घंटों के लिए मौसम विभाग का अलर्ट
मौसम विभाग ने 27 और 28 मई को उत्तर प्रदेश के पश्चिमी, मध्य और पूर्वी हिस्सों के लिए अलर्ट जारी किया है। आने वाले दो दिनों में 70 से 90 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने और तेज बारिश की संभावना है। प्रशासन ने लोगों को सलाह दी है कि वे खुले स्थानों पर जाने से बचें और पेड़ों व बिजली के खंभों से दूर रहें।
Frequently Asked Questions (FAQs)
आंधी की वजह से ट्रेनें लेट होने का मुख्य कारण क्या था?
सोमवार रात आए तूफान से रेलवे पटरियों पर 30 से अधिक पेड़ गिर गए थे और OHE (ओवरहेड बिजली लाइनें) टूट गई थीं, जिसकी मरम्मत में 6 से 7 घंटे का समय लगा।
मौसम विभाग ने आने वाले दिनों के लिए क्या चेतावनी दी है?
मौसम विभाग ने 27-28 मई को यूपी के कई हिस्सों में 70 से 90 किमी की रफ्तार से हवाएं चलने और तेज बारिश का अलर्ट जारी किया है।