Lucknow में शुरू हुआ यूपी मैंगो फेस्टिवल, 800 से ज्यादा आमों की किस्में देख लोग हुए क्रेजी

Lucknow: राजधानी के गोमती नगर स्थित इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में तीन दिवसीय उत्तर प्रदेश मैंगो फेस्टिवल 2026 की शुरुआत हो गई है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 3 जुलाई को इस उत्सव का उद्घाटन किया। यह मेला 5 जुलाई तक चलेगा,

Lucknow: राजधानी के गोमती नगर स्थित इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में तीन दिवसीय उत्तर प्रदेश मैंगो फेस्टिवल 2026 की शुरुआत हो गई है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 3 जुलाई को इस उत्सव का उद्घाटन किया। यह मेला 5 जुलाई तक चलेगा, जहां लोग लाल सुंदरी और नेहल पसंद जैसे खास आमों का स्वाद ले सकते हैं।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस मौके पर कहा कि उत्तर प्रदेश देश के कुल आम उत्पादन में करीब 26 से 28 प्रतिशत का योगदान देता है। उन्होंने बताया कि आम की खेती से किसानों को प्रति एकड़ 2 लाख से 3 लाख रुपये तक का मुनाफा हो रहा है। सीएम ने जोर दिया कि यूपी के आमों की क्वालिटी अंतरराष्ट्रीय स्तर की होनी चाहिए और ये पूरी तरह केमिकल फ्री होने चाहिए ताकि वैश्विक बाजार में इनकी मांग और बढ़े।

इस मेले में यूपी के साथ-साथ मध्य प्रदेश, उत्तराखंड, छत्तीसगढ़, राजस्थान, गुजरात और महाराष्ट्र जैसे छह अन्य राज्यों के 900 से ज्यादा प्रगतिशील किसान और निर्यातक हिस्सा ले रहे हैं। यहां आम की 800 से ज्यादा किस्में प्रदर्शित की गई हैं।

खास आमों की किस्में
लाल सुंदरी, नेहल पसंद, मोदी मैंगो, योगीराज, प्रतिभा, बनाना मैंगो, आम एप्पल, कोकोनट मैंगो, बादामगिरी, गुलाब खास, देसी अल्फांसो, हाथी झूल, रेड आइवरी, ब्रुनेई किंग, दशहरी, लंगड़ा, चौसा, लखनऊ सफेदा, रतोली, आम्रपाली, सेंशन, अर्का, मल्लिका, जैस्मीन, याकुती, नूरजहां, लालिमा और टॉमी एटकिन्स

बागवानी राज्य मंत्री दिनेश प्रताप सिंह ने बताया कि इस फेस्टिवल का मकसद आम उगाने वाले किसानों को एक अंतरराष्ट्रीय मंच देना है। 4 जुलाई को जन भवन में एक ‘मैंगो बायर-सेलर कॉन्फ्रेंस’ भी होगी, जिससे बागवानों की सीधी मुलाकात खरीदारों और निर्यातकों से हो सकेगी।

निर्यात के मोर्चे पर यूपी ने बड़ी तरक्की की है। साल 2024-25 में जहां 404 मीट्रिक टन आम और पल्प का निर्यात हुआ था, वहीं 2025-26 में यह बढ़कर 3,563 मीट्रिक टन हो गया है। इसकी कीमत भी 2.63 करोड़ रुपये से बढ़कर 12.67 करोड़ रुपये तक पहुंच गई है। यूपी के आम अब यूके, यूएई, सऊदी अरब, मलेशिया, सिंगापुर, कुवैत, न्यूजीलैंड, बेल्जियम, जापान, इटली, कतर और रूस जैसे देशों में भेजे जा रहे हैं।

निर्यात को आसान बनाने के लिए लखनऊ, सहारनपुर, वाराणसी और अमरोहा में चार आधुनिक पैक हाउस बनाए गए हैं। इसके अलावा जेवर एयरपोर्ट के पास एक एडवांस टेस्टिंग और ट्रीटमेंट सेंटर भी तैयार किया जा रहा है। मेले में बच्चों के लिए आम खाने की प्रतियोगिता और आम से बने पकवानों के मुकाबले भी रखे गए हैं। आने वाले लोग यहां से आम के पौधे भी खरीद सकते हैं।