UP के किसानों के लिए खुशखबरी, अब सिर्फ 3% ब्याज पर मिलेगा KCC और पशुपालन लोन
UP/Lucknow: उत्तर प्रदेश के किसानों के लिए खेती और पशुपालन अब और सस्ता होने जा रहा है। लखनऊ और प्रतापगढ़ में जिला सहकारी बैंक के पदाधिकारियों के लिए विशेष ट्रेनिंग प्रोग्राम आयोजित किए गए, जिसमें किसानों को कम ब्याज दर प
UP/Lucknow: उत्तर प्रदेश के किसानों के लिए खेती और पशुपालन अब और सस्ता होने जा रहा है। लखनऊ और प्रतापगढ़ में जिला सहकारी बैंक के पदाधिकारियों के लिए विशेष ट्रेनिंग प्रोग्राम आयोजित किए गए, जिसमें किसानों को कम ब्याज दर पर ऋण उपलब्ध कराने की योजना साझा की गई। अब सहकारी समितियों के जरिए किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) और पशुपालन के लिए बेहद कम ब्याज पर लोन ले सकेंगे।
प्रतापगढ़ में आयोजित तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान बताया गया कि किसानों को सहकारी समितियों के माध्यम से 3 प्रतिशत की न्यूनतम प्रभावी ब्याज दर पर KCC और पशुपालन ऋण दिए जा रहे हैं। यह सुविधा उन किसानों के लिए बहुत मददगार होगी जो खेती के साथ-साथ डेयरी और मत्स्य पालन का काम करते हैं।
इस योजना के तहत ब्याज दरों और पात्रता की मुख्य बातें नीचे दी गई हैं:
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| प्रभावी ब्याज दर | 3% (सब्सिडी और समय पर भुगतान के बाद) |
| बिना गारंटी ऋण सीमा | 2 लाख रुपये तक |
| फसल ऋण सीमा (MISS) | 5 लाख रुपये तक (वित्तीय वर्ष 2025-26) |
| मत्स्य पालन ऋण सीमा | 5 लाख रुपये तक (वित्तीय वर्ष 2025-26) |
| पात्र लाभार्थी | व्यक्तिगत किसान, बटाईदार, SHG और JLG समूह |
मुजफ्फरनगर जिला सहकारी बैंक ने भी बड़ा फैसला लेते हुए 1 अप्रैल 2026 से KCC ऋण की वार्षिक ब्याज दर 7% से घटाकर 3% कर दी है। बैंक पिछले दो साल से 7% ब्याज भरने वाले किसानों को 4% अतिरिक्त सब्सिडी के रूप में वापस करेगा, जिससे करीब 1 लाख किसानों को लाभ होगा। इसके अलावा, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने घोषणा की है कि उत्तर प्रदेश सहकारी ग्राम विकास बैंक (LDB) से लघु और सीमांत किसानों को मिलने वाले ऋण की ब्याज दर 11.5% से घटाकर 6% कर दी जाएगी।
इस पूरी प्रक्रिया में कृषि और किसान कल्याण मंत्रालय के साथ NABARD का सहयोग है। इसमें सार्वजनिक और निजी बैंक, क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक (RRB) और प्राथमिक कृषि ऋण समितियां (PACS) शामिल हैं। नाबार्ड और आरबीआई को दावा जमा करने की समय-सीमा 13 जुलाई 2026 तक तय की गई है।