UP के सभी जिला मुख्यालयों को फोरलेन से जोड़ेगी योगी सरकार, 5 लाख की आबादी वाले शहरों में बनेंगे बाईपास
UP: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे का उद्घाटन करते हुए राज्य की सड़कों को लेकर बड़ा ऐलान किया है। अब उत्तर प्रदेश के सभी जिला मुख्यालयों को फोर-लेन सड़कों से जोड़ा जाएगा। इसके साथ ही जिन शहरों की आ
UP: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे का उद्घाटन करते हुए राज्य की सड़कों को लेकर बड़ा ऐलान किया है। अब उत्तर प्रदेश के सभी जिला मुख्यालयों को फोर-लेन सड़कों से जोड़ा जाएगा। इसके साथ ही जिन शहरों की आबादी 5 लाख से ज्यादा है, वहां ट्रैफिक कम करने के लिए बाईपास बनाए जाएंगे।
13 जुलाई, 2026 को हुए इस समारोह में मुख्यमंत्री के साथ केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह भी मौजूद रहे। यह घोषणा करीब 4,850 करोड़ रुपये की नेशनल हाईवे परियोजनाओं के उद्घाटन और शिलान्यास के दौरान की गई। सरकार का लक्ष्य राज्य में उत्तर-दक्षिण कनेक्टिविटी को और मजबूत करना है।
लखनऊ और कानपुर के बीच चलने वाला यह नया एक्सप्रेसवे 63 किलोमीटर लंबा और छह-लेन का है। इसे बनाने में करीब 4,200 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं। इस एक्सप्रेसवे के शुरू होने से लखनऊ और कानपुर के बीच का सफर जो पहले ढाई घंटे में पूरा होता था, अब सिर्फ 35 से 45 मिनट में पूरा हो जाएगा। इसे NE-6, अवध एक्सप्रेसवे और ग्रीन कॉरिडोर एक्सप्रेसवे के नाम से भी जाना जाएगा।
| परियोजना | खास जानकारी |
|---|---|
| लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे | 63 किमी लंबा, 6-लेन, लागत 4,200 करोड़ रुपये |
| शहीद पथ | 23 किमी लंबी एलिवेटेड रोड और भविष्य में मेट्रो कॉरिडोर |
| लखनऊ-सीतापुर रोड | इसे छह-लेन बनाया जाएगा |
| कुल निवेश | अगले दो वर्षों में सड़कों पर 5 लाख करोड़ रुपये का खर्च होगा |
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने बताया कि आने वाले दो सालों में यूपी की सड़क व्यवस्था को सुधारने के लिए 5 लाख करोड़ रुपये की योजनाएं लाई जाएंगी। इसके अलावा मुख्यमंत्री और गडकरी ने एक समीक्षा बैठक भी की, जिसमें 1.94 लाख करोड़ रुपये के निवेश से अयोध्या, जेवर, प्रयागराज और सोनौली जैसी जगहों पर रिंग रोड और बाईपास बनाने पर चर्चा हुई। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि बेहतर सड़क नेटवर्क से राज्य में व्यापार बढ़ेगा और औद्योगिक विकास को नई दिशा मिलेगी।