UAE कोर्ट ने सूडान सैन्य उपकरणों की तस्करी मामले में सुनवाई टाली, 13 लोग और 6 कंपनियां आरोपी
World : अबू धाबी की फेडरल कोर्ट ऑफ अपील ने सूडान को अवैध तरीके से सैन्य उपकरण भेजने के मामले में सुनवाई को 12 अगस्त 2026 तक के लिए टाल दिया है। कोर्ट ने यह फैसला बचाव पक्ष को अपनी दलीलें पूरी करने का समय देने के लिए लिया
World : अबू धाबी की फेडरल कोर्ट ऑफ अपील ने सूडान को अवैध तरीके से सैन्य उपकरण भेजने के मामले में सुनवाई को 12 अगस्त 2026 तक के लिए टाल दिया है। कोर्ट ने यह फैसला बचाव पक्ष को अपनी दलीलें पूरी करने का समय देने के लिए लिया है। इस पूरे मामले में 13 लोगों और 6 कंपनियों पर गंभीर आरोप लगे हैं।
इस केस में अवैध हथियारों के व्यापार, मनी लॉन्ड्रिंग, दलाली और सरकारी दस्तावेजों में जालसाजी जैसे आरोप लगाए गए हैं। फेडरल पब्लिक प्रॉसिक्यूशन ने कोर्ट में सबूत के तौर पर ऑडियो-वीडियो रिकॉर्डिंग, बातचीत के दस्तावेज और वित्तीय रिपोर्ट पेश की हैं। जांच में यह बात सामने आई कि आरोपियों ने UAE की जमीन और वहां की संस्थाओं का इस्तेमाल गलत तरीके से हथियारों के सौदे करने के लिए किया था।
प्रॉसिक्यूशन ने बताया कि आरोपियों ने बैंक खातों और फर्जी कागजों के जरिए पैसों की हेराफेरी की। आरोपियों को तब पकड़ा गया जब वे एक विमान से सूडान जाने वाले कार्गो की जांच कर रहे थे। अधिकारियों का कहना है कि इस तरह के काम से UAE की संप्रभुता और सुरक्षा को खतरा हुआ है और इससे अंतरराष्ट्रीय रिश्तों पर भी बुरा असर पड़ सकता है। जांच में एक संगठित आपराधिक नेटवर्क का पता चला है जिसने UAE को हथियारों के सौदों का केंद्र बनाने की कोशिश की थी।
इस मामले की गंभीरता को देखते हुए UAE के अटॉर्नी जनरल डॉ. हमद सैफ अल शमसी ने 30 अप्रैल 2026 को ही इन 13 लोगों और 6 कंपनियों को स्टेट सिक्योरिटी कोर्ट में भेजने का आदेश दिया था।
| मुख्य आरोपी और कंपनियां | भूमिका/आरोप |
|---|---|
| सलाह अब्दुल्ला मोहम्मद सालेह (Salah Gosh) | सूडान की खुफिया एजेंसी के पूर्व प्रमुख |
| राशिद उमर अब्दुल कादिर अली | सूडानी कारोबारी और मुख्य साजिशकर्ता |
| जनरल यासिर अल-अत्ता | सूडान के आर्मी चीफ ऑफ स्टाफ (गैरमौजूदगी में आरोपी) |
| उस्मान मोहम्मद अल जुबैर मोहम्मद | पोर्ट सूडान अथॉरिटी से जुड़े समन्वयक |
| 6 रजिस्टर्ड कंपनियां | मनी लॉन्ड्रिंग और फर्जी व्यापारिक कवर के लिए इस्तेमाल |
जानकारी के मुताबिक, इस पूरे खेल में दो बड़े सौदे हुए थे। पहले सौदे में करीब 13 मिलियन डॉलर के हथियार जैसे कलाश्निकोव राइफल, मशीन गन और ग्रेनेड शामिल थे, जिसमें 3 मिलियन डॉलर कमीशन के तौर पर दिए गए। दूसरे सौदे में 2 मिलियन डॉलर से ज्यादा के गोला-बारूद की खरीद की गई, जिसे एक प्राइवेट विमान के जरिए सूडान भेजा जाना था। जांच में पता चला कि ऐसे 6 और सौदे करने की योजना थी, जिसमें लाखों राउंड गोलियां भेजने की तैयारी थी।