Thane में डॉक्टरों का कमाल, 1.196 किलो के नवजात बच्चे के दांत निकाले
Maharashtra/Thane: ठाणे के कलवा इलाके में स्थित छत्रपति शिवाजी महाराज अस्पताल के डॉक्टरों ने एक बहुत ही मुश्किल सर्जरी को सफलतापूर्वक पूरा किया है। यहाँ एक महीने के समय से पहले जन्मे बच्चे के दांत निकाले गए, जिसका वजन सि
Maharashtra/Thane: ठाणे के कलवा इलाके में स्थित छत्रपति शिवाजी महाराज अस्पताल के डॉक्टरों ने एक बहुत ही मुश्किल सर्जरी को सफलतापूर्वक पूरा किया है। यहाँ एक महीने के समय से पहले जन्मे बच्चे के दांत निकाले गए, जिसका वजन सिर्फ 1.196 किलो था। यह ऑपरेशन 10 जुलाई 2026 को किया गया, जिसकी जानकारी रविवार को अधिकारियों ने साझा की।
बच्चा जन्म से ही दांतों के साथ पैदा हुआ था, जिसे मेडिकल भाषा में ‘नेटल टीथ’ (Natal Teeth) कहा जाता है। ठाणे नगर निगम (TMC) ने जारी बयान में बताया कि ये दांत काफी ढीले थे, जिससे बच्चे की सेहत को गंभीर खतरा हो सकता था। अगर ये दांत टूटकर सांस की नली में चले जाते या बच्चे को दूध पीने में दिक्कत होती, तो स्थिति बिगड़ सकती थी। साथ ही, इससे जीभ पर ‘रिगा-फेडे’ नामक गहरे घाव होने का भी डर था।
अस्पताल की डीन डॉ. स्वप्नली कदम ने बताया कि इस अस्पताल में पहले भी ऐसी सर्जरी हुई हैं, लेकिन यह मामला खास था क्योंकि इस बच्चे का वजन अस्पताल के रिकॉर्ड में अब तक का सबसे कम वजन था। इस पूरी प्रक्रिया को पीडियाट्रिक डेंटिस्ट डॉ. श्रेया बापट ने कोऑर्डिनेट किया। उनके साथ डेंटल विभाग की प्रोफेसर और हेड डॉ. पल्लवी खाले, डॉ. धैर्यशील एडके और डॉ. दिव्या मोकाशी ने काम किया। साथ ही डॉ. शैलजा पोटदार के नेतृत्व में पीडियाट्रिक्स विभाग ने भी इसमें अहम भूमिका निभाई।
मेडिकल एक्सपर्ट्स के मुताबिक, जन्म के समय दांत होना एक दुर्लभ मामला है जो लगभग 2,000 से 3,500 जन्मों में एक बार देखा जाता है। इनमें से करीब 85% मामलों में नीचे के सामने वाले दांत होते हैं। डॉक्टरों की टीम ने आपसी तालमेल से यह सर्जरी बिना किसी दिक्कत के पूरी की, जिससे अब बच्चा सुरक्षित तरीके से स्तनपान कर सकता है और उसका विकास सही ढंग से होगा।