AI के चक्कर में टेक कंपनियों ने हज़ारों लोगों को निकाला, Oracle और Meta समेत कई दिग्गजों ने घटाई वर्कफोर्स

Finance : दुनिया की बड़ी टेक्नोलॉजी कंपनियों में इन दिनों भारी छंटनी का दौर चल रहा है। कंपनियां अपने पुराने विभागों को छोटा कर रही हैं और बजट का बड़ा हिस्सा Artificial Intelligence (AI), डेटा सेंटर और ऑटोमेशन टूल्स पर खर

Finance : दुनिया की बड़ी टेक्नोलॉजी कंपनियों में इन दिनों भारी छंटनी का दौर चल रहा है। कंपनियां अपने पुराने विभागों को छोटा कर रही हैं और बजट का बड़ा हिस्सा Artificial Intelligence (AI), डेटा सेंटर और ऑटोमेशन टूल्स पर खर्च कर रही हैं। साल 2026 की यह छंटनी टेक इंडस्ट्री में एक बड़े बदलाव की ओर इशारा करती है, जहाँ अब कम लोगों की टीम के साथ नए ग्रोथ एरिया पर फोकस किया जा रहा है।

आंकड़ों की बात करें तो 4 जुलाई 2026 तक दुनिया भर की टेक कंपनियों ने साल के पहले छह महीनों में करीब 1,54,000 नौकरियां खत्म कर दी हैं। इनमें से लगभग 1,02,000 छंटनी का सीधा संबंध AI से बताया गया है। मई 2026 में तो कुल छंटनी का 40% हिस्सा सिर्फ AI की वजह से हुआ। कंपनियों ने AI पर अपने खर्च को दोगुना करने की योजना बनाई है, जिससे कई पुराने रोल अब खत्म हो रहे हैं।

कंपनी का नाम छंटनी की संख्या मुख्य कारण/योजना
Oracle 21,000 AI अडॉप्शन और डेटा सेंटर निवेश
Intel 24,000 बड़े स्तर पर रीस्ट्रक्चरिंग
Amazon 16,000 कॉर्पोरेट रोल्स में कटौती
Meta Platforms 10,400 AI रिसर्च और डेवलपमेंट पर फोकस
Microsoft 5,500 क्लाउड और AI टूल्स में निवेश
PayPal 4,760 AI पहल की ओर संसाधनों का बदलाव
Block (Square) 4,000 AI टूल्स से बढ़ी प्रोडक्टिविटी
Cisco 4,000 AI और ग्रोथ एरिया पर फोकस
Cloudflare 1,100 AI की बढ़ती भूमिका

Oracle ने अपनी रेगुलेटरी फाइलिंग में साफ कहा कि AI तकनीक के इस्तेमाल से वर्कफोर्स में कटौती हुई है। Meta के CEO मार्क जुकरबर्ग ने बताया कि AI पूरी तरह से लोगों की जगह नहीं लेगा, लेकिन इससे कर्मचारियों की संख्या बदल जाएगी। वहीं OpenAI के CEO सैम ऑल्टमैन और Nvidia के CEO जेनसेन हुआंग ने इस पर अलग राय रखी है। ऑल्टमैन का मानना है कि कुछ कंपनियां सिर्फ AI का नाम लेकर छंटनी कर रही हैं, जबकि हुआंग ने AI को दोष देने वाले CEOs को ‘Lazy’ कहा है।

इस पूरे घटनाक्रम का असर शेयर बाजार पर भी दिखा। 25 जून 2026 वाले हफ्ते में Nasdaq Composite Index करीब 5% गिर गया। निवेशकों को डर है कि AI इंफ्रास्ट्रक्चर पर होने वाला खरबों डॉलर का खर्च भविष्य में मुनाफे में बदलेगा या नहीं। गोल्डमैन सैक्स के मुताबिक 2031 तक इस इंफ्रास्ट्रक्चर पर 7.6 ट्रिलियन डॉलर खर्च हो सकते हैं।

हालांकि, CompTIA की रिपोर्ट कहती है कि AI के साथ-साथ साइबर सिक्योरिटी और डेटा एनालिटिक्स जैसे क्षेत्रों में 1,85,499 नई नौकरियां भी पैदा होंगी। यानी मार्केट अब उन लोगों की मांग कर रहा है जिन्हें AI का सही इस्तेमाल आता है।

दिया हुआ जानकारी बस Expert की राय है, शेयर बाजार में निवेश जोखिम भरा हो सकता है, कृपया अपने वित्तीय सलाहकार से परामर्श करें।, Disclaimer: Stock market investments can be risky, please consult your financial advisor.