Sultanganj में कल से शुरू होगा विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेला, CM सम्राट चौधरी करेंगे उद्घाटन

Bihar/Bhagalpur: आस्था और भक्ति का संगम माना जाने वाला विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेला कल से शुरू होने जा रहा है। बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी 28 जुलाई को दोपहर 3 बजे सुल्तानगंज के ऐतिहासिक नमामि गंगे घाट पर पूजा-अर्चना

Bihar/Bhagalpur: आस्था और भक्ति का संगम माना जाने वाला विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेला कल से शुरू होने जा रहा है। बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी 28 जुलाई को दोपहर 3 बजे सुल्तानगंज के ऐतिहासिक नमामि गंगे घाट पर पूजा-अर्चना कर इस पवित्र मेले का औपचारिक उद्घाटन करेंगे। एक महीने तक चलने वाले इस मेले की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं और पूरा सुल्तानगंज शिवमय हो गया है।

इस उद्घाटन समारोह की अध्यक्षता राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री डॉ दिलीप कुमार जायसवाल करेंगे। वहीं उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी और विजेंद्र प्रसाद यादव मुख्य अतिथि के तौर पर मौजूद रहेंगे। प्रशासन का अनुमान है कि इस बार देश-विदेश से करीब 1.5 करोड़ श्रद्धालु सुल्तानगंज से गंगा जल लेकर देवघर के बाबा बैद्यनाथ धाम जाएंगे। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए भारतीय रेलवे ने 12 जोड़ी स्पेशल ट्रेनें चलाने का फैसला किया है।

जिलाधिकारी अलंकृता पांडेय और एसएसपी प्रमोद कुमार यादव ने सुरक्षा और सुविधा के पुख्ता इंतजाम किए हैं। घाटों पर सुरक्षा के सख्त निर्देश दिए गए हैं ताकि कोई हादसा न हो। श्रद्धालुओं के लिए स्वास्थ्य शिविर, पीने के पानी के एटीएम और सफाई के विशेष इंतजाम किए गए हैं। इस बार धंधी-बेलारी कांवरिया पथ पर पहली बार लेजर शो आकर्षण का केंद्र होगा, साथ ही गंगा महा आरती और सांस्कृतिक कार्यक्रम भी होंगे। 28 जुलाई की शाम को मशहूर गायिका सोना मोहपात्रा अपनी प्रस्तुति देंगी।

सुविधा विवरण
शौचालय 710 स्थायी, 150 अस्थायी और 10 दिव्यांग अनुकूल
पीने का पानी 35 नए हैंडपंप और वाटर एटीएम
स्वास्थ्य सुविधा 13 हेल्थ कैंप और एम्बुलेंस की तैनाती
सुरक्षा बल 4,000 से 5,000 पुलिस जवान
सफाई कर्मी 1,200 कर्मचारी चार शिफ्ट में तैनात
आवास कमराय में 400 क्षमता का टेंट सिटी

प्रशासन ने गर्मी से राहत दिलाने के लिए मुख्य सड़कों पर स्प्रिंकलर मशीनों से पानी छिड़कने की व्यवस्था की है। वीआईपी और पर्यटकों के लिए स्पेशल स्विस कॉटेज और म्यूजिकल फाउंटेन बनाए गए हैं। आदर्श मिडिल स्कूल परिसर में एक सेंट्रल कंट्रोल रूम बनाया गया है ताकि किसी भी समस्या का तुरंत समाधान हो सके। हालांकि, अजगैबीनाथ धाम सीढ़ी गंगा घाट के स्थानीय पंडा समुदाय ने व्यवस्थाओं को लेकर कुछ नाराजगी जताई है।