Bihar: श्रावणी मेला 2026 की तैयारी तेज, सुल्तानगंज स्टेशन पर DRM ने लिया जायजा, AI से होगी भीड़ की निगरानी

Bihar/Bhagalpur: विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेला 2026 की शुरुआत होने वाली है, जिसके लिए रेलवे प्रशासन ने अपनी कमर कस ली है। 30 जुलाई से 28 अगस्त तक चलने वाले इस मेले में देश-विदेश से लाखों कांवड़ियों के आने की उम्मीद है। इसी

Bihar/Bhagalpur: विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेला 2026 की शुरुआत होने वाली है, जिसके लिए रेलवे प्रशासन ने अपनी कमर कस ली है। 30 जुलाई से 28 अगस्त तक चलने वाले इस मेले में देश-विदेश से लाखों कांवड़ियों के आने की उम्मीद है। इसी को देखते हुए मालदा डिवीजन के DRM मनीष कुमार गुप्ता ने सुल्तानगंज और भागलपुर स्टेशनों का दौरा कर जमीनी स्तर पर तैयारियों की जांच की।

DRM मनीष कुमार गुप्ता ने सुल्तानगंज स्टेशन पर प्लेटफॉर्म, पीने के पानी, यात्री शेड और साफ-सफाई की व्यवस्था को देखा। उन्होंने अधिकारियों को साफ शब्दों में कहा कि श्रद्धालुओं को किसी भी तरह की परेशानी नहीं होनी चाहिए। भीड़ को संभालने के लिए इस बार रेलवे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) तकनीक का इस्तेमाल करने जा रहा है। साथ ही सुरक्षा के लिए RPF के अतिरिक्त जवान तैनात रहेंगे और सीसीटीवी कैमरों से हर गतिविधि पर नजर रखी जाएगी।

कांवड़ियों की सुविधा के लिए रेलवे ने कई खास इंतजाम किए हैं, जिनकी जानकारी नीचे दी गई है:

सुविधा/कार्य विवरण
मेला की अवधि 30 जुलाई से 28 अगस्त 2026
विशेष ठहराव सभी मेल और एक्सप्रेस ट्रेनों का सुल्तानगंज में 2 मिनट का स्टॉपेज
नया फुट ओवरब्रिज 12 मीटर चौड़ा ब्रिज, 15 जुलाई तक पूरा करने का लक्ष्य
स्टेशन विकास अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत एस्केलेटर और लिफ्ट की सुविधा
चिकित्सा सुविधा स्टेशन पर 24 घंटे मेडिकल हेल्प उपलब्ध रहेगी
टिकट व्यवस्था भीड़ कम करने के लिए अतिरिक्त टिकट काउंटर खोले जाएंगे

भागलपुर स्टेशन पर भी डीआरएम ने पटना-अहमदाबाद एक्सप्रेस के रैक के लिए बन रही नई संटिंग लाइन का निरीक्षण किया और काम की क्वालिटी बनाए रखते हुए इसे जल्द पूरा करने को कहा। इस बीच बिहार सरकार के मंत्री नीतीश मिश्रा ने भी सुल्तानगंज में व्यवस्थाओं की समीक्षा की और जरूरत पड़ने पर तकनीकी मदद देने का भरोसा दिया। वहीं देवघर के उपायुक्त शशि प्रकाश सिंह ने भी जसीडीह स्टेशन पर भीड़ नियंत्रण और स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर निर्देश दिए हैं।

श्रावण मास की मुख्य सोमवारियां 3, 10, 17 और 24 अगस्त को पड़ेंगी, जिस दौरान भीड़ सबसे ज्यादा रहने की संभावना है। रेलवे प्रशासन 26 जून को एक हाई लेवल मीटिंग करेगा जिसमें सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन की अंतिम रूपरेखा तय की जाएगी।