Jharkhand की रांची पुलिस ने परीक्षा माफियाओं के खिलाफ बड़ा अभियान चलाया है। पुलिस की टीम ने बिहार में छापेमारी की, लेकिन कार्रवाई की खबर मिलते ही सेंटर अधीक्षक राकेश कुमार वहां से भाग निकला। यह पूरा मामला एसएससी जीडी कां
Jharkhand की रांची पुलिस ने परीक्षा माफियाओं के खिलाफ बड़ा अभियान चलाया है। पुलिस की टीम ने बिहार में छापेमारी की, लेकिन कार्रवाई की खबर मिलते ही सेंटर अधीक्षक राकेश कुमार वहां से भाग निकला। यह पूरा मामला एसएससी जीडी कांस्टेबल भर्ती परीक्षा में हुई धांधली से जुड़ा है, जिसमें रिमोट एक्सेस तकनीक का इस्तेमाल कर गलत तरीके से मदद पहुंचाने की बात सामने आई है।
कौन है इस खेल का मास्टरमाइंड और क्या है पूरा मामला?
जांच में पता चला है कि इस धांधली के केंद्र में ‘फ्यूचरिस्टिक ऑनलाइन परीक्षा केंद्र’ है। इस सेंटर का मालिक सौरव आनंद है, जो पटना का रहने वाला है और एक सरकारी नौकरी में है। पुलिस के मुताबिक इस सेंटर में पटना और हाजीपुर के तीन अन्य माफियाओं ने पैसा लगाया था। फिलहाल पुलिस सौरव, राकेश और अमित समेत कई आरोपियों की तलाश कर रही है।
रांची पुलिस ने अब तक क्या कार्रवाई की है?
एसएसपी राकेश रंजन के निर्देश पर सिटी एसपी पारस राणा के नेतृत्व में यह कार्रवाई की गई। इससे पहले 10 मई 2026 को रांची के पिस्का मोड़ स्थित फ्यूचरिस्टिक ऑनलाइन एग्जामिनेशन सेंटर पर छापा मारकर छह लोगों को गिरफ्तार किया गया था। उत्पाद सिपाही पेपर लीक मामले में भी कार्रवाई हुई है, जिसमें अमृत राज उर्फ बुलबुल को सहरसा से और चुनचुन यादव को पटना से पकड़ा गया। अतुल वत्स नाम का व्यक्ति इस साजिश का मुख्य मास्टरमाइंड बताया जा रहा है, जो अभी रांची जेल में बंद है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
यह छापेमारी किस परीक्षा से जुड़ी हुई है?
यह छापेमारी मुख्य रूप से कर्मचारी चयन आयोग (SSC) की जीडी कांस्टेबल भर्ती परीक्षा में हुई धांधली और रिमोट एक्सेस तकनीक के जरिए गलत तरीके से मदद पहुंचाने के मामले से जुड़ी है।
इस मामले में अब तक किन लोगों की गिरफ्तारी हुई है?
पुलिस ने पिस्का मोड़ सेंटर से 6 लोगों, सहरसा से अमृत राज और पटना से चुनचुन यादव को गिरफ्तार किया है, जबकि मास्टरमाइंड अतुल वत्स पहले से ही रांची जेल में है।