रेलवे में बिना टिकट सफर करना होगा महंगा, जुर्माना ₹250 से बढ़ाकर ₹500 किया; देखें पूरी लिस्ट

Finance : भारतीय रेलवे में अब बिना टिकट यात्रा करने वालों और नियमों को तोड़ने वालों की जेब ढीली होगी। केंद्र सरकार ने जन विश्वास (संशोधन प्रावधान) अधिनियम, 2026 के तहत जुर्माने की राशि बढ़ाने का प्रस्ताव दिया है। रेलवे ब

Finance : भारतीय रेलवे में अब बिना टिकट यात्रा करने वालों और नियमों को तोड़ने वालों की जेब ढीली होगी। केंद्र सरकार ने जन विश्वास (संशोधन प्रावधान) अधिनियम, 2026 के तहत जुर्माने की राशि बढ़ाने का प्रस्ताव दिया है। रेलवे बोर्ड ने सभी जोनल रेलवे को इस बारे में जानकारी दे दी है और ये नए नियम 1 जुलाई से लागू हो सकते हैं।

सरकार का मकसद छोटे अपराधों को अपराध की श्रेणी से हटाकर उन्हें सिविल पेनल्टी (जुर्माने) में बदलना है, ताकि नियमों का पालन बेहतर तरीके से हो सके। अब अगर कोई यात्री बिना टिकट पकड़ा जाता है या किसी और के टिकट पर सफर करता है, तो उसे किराया और अतिरिक्त शुल्क के साथ भारी जुर्माना देना होगा।

रेलवे के नए नियमों के तहत अलग-अलग गलतियों के लिए तय जुर्माना इस प्रकार है:

नियम उल्लंघन जुर्माना राशि
बिना टिकट यात्रा या पुराने टिकट का दोबारा इस्तेमाल न्यूनतम ₹500 (पहले ₹250 था)
दूसरे व्यक्ति के टिकट पर यात्रा करना न्यूनतम ₹500 + टिकट जब्त
अनधिकृत तौर पर सामान बेचना (Hawking) ₹2,000
ट्रेन या स्टेशन पर भीख मांगना ₹1,000 और ट्रेन से बाहर निकाला जाएगा
महिला कोच या बर्थ पर पुरुषों का बैठना ₹2,500
गाड़ी में शोर-शराबा, गाली-गलौज या परेशानी करना ₹1,000
प्रतिबंधित या खतरनाक सामान ले जाना न्यूनतम ₹10,000
रेलवे परिसर में अनाधिकृत प्रवेश (Trespassing) ₹500

नियमों में एक और बड़ा बदलाव यह है कि अब हर तीन साल में इन जुर्मानों की राशि में 10% की बढ़ोतरी की जाएगी। अगर कोई यात्री जुर्माना भरने से मना करता है, तो मामले को कोर्ट में ले जाया जा सकता है। वहीं, शराब पीकर हंगामा करने वालों को स्टेशन या ट्रेन से बाहर निकालने का अधिकार भी रेलवे स्टाफ के पास होगा।