Bihar में प्रशांत किशोर ने पटना SSP को दी खुली चुनौती, कहा- राजनीति करनी है तो इस्तीफा देकर मैदान में आएं

Bihar: जन सुराज के संस्थापक और बांकीपुर उपचुनाव के उम्मीदवार Prashant Kishor ने पटना के SSP Kartikeya Sharma के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। प्रशांत किशोर ने आरोप लगाया है कि पुलिस अधिकारी अपने पद का इस्तेमाल चुनाव को प्रभा

Bihar: जन सुराज के संस्थापक और बांकीपुर उपचुनाव के उम्मीदवार Prashant Kishor ने पटना के SSP Kartikeya Sharma के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। प्रशांत किशोर ने आरोप लगाया है कि पुलिस अधिकारी अपने पद का इस्तेमाल चुनाव को प्रभावित करने के लिए कर रहे हैं। उन्होंने सीधे तौर पर SSP को चुनौती देते हुए कहा कि अगर उन्हें राजनीति में दिलचस्पी है, तो वे इस्तीफा देकर चुनाव लड़ें।

यह पूरा विवाद 30 जुलाई 2026 को बांकीपुर उपचुनाव के मतदान के दिन शुरू हुआ। प्रशांत किशोर का दावा है कि मतदान से ठीक पहले पटना पुलिस ने उनके संगठन Jan Suraaj के करीब 20 से 54 कार्यकर्ताओं और नेताओं को गैरकानूनी तरीके से हिरासत में लिया था। उन्होंने कहा कि कई लोगों को तो उनके घरों से सोते समय उठा लिया गया, जबकि उन्होंने किसी नियम का उल्लंघन नहीं किया था। पुलिस ने इसे कानून व्यवस्था बनाए रखने और धारा 163 (पहले की धारा 144) लागू करने का हवाला दिया था।

प्रशांत किशोर ने 1 अगस्त को मुख्य निर्वाचन अधिकारी (CEO) के पास इस मामले की औपचारिक शिकायत दर्ज कराई। 2 अगस्त को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान उन्होंने उन लोगों को सामने पेश किया जिन्हें हिरासत में लिया गया था। उन्होंने SSP Kartikeya Sharma को ‘अक्षम, प्रेरित और मूर्ख’ तक कह दिया और आरोप लगाया कि वे BJP के दबाव में काम कर रहे हैं।

इस विवाद के बाद चुनाव कार्यालय ने भरोसा दिलाया है कि शिकायत की जांच नियमों के मुताबिक की जाएगी। वहीं, बिहार के DGP और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने प्रशांत किशोर को आश्वासन दिया है कि 3 अगस्त को होने वाली मतगणना (vote counting) के दौरान पटना SSP की कोई भूमिका नहीं होगी। प्रशांत किशोर ने चेतावनी दी है कि अगर संतोषजनक कार्रवाई नहीं हुई, तो वे इस मामले को दिल्ली में चुनाव आयोग और सुप्रीम कोर्ट तक ले जाएंगे।