UP: पीलीभीत में पुलिस और क्राइम ब्रांच ने मिलकर एक बड़े जीएसटी घोटाले का पर्दाफाश किया है। दिल्ली के स्वरूप नगर इलाके के चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जो फर्जी कंपनियां बनाकर करोड़ों रुपये की टैक्स चोरी कर रहे थे। य
UP: पीलीभीत में पुलिस और क्राइम ब्रांच ने मिलकर एक बड़े जीएसटी घोटाले का पर्दाफाश किया है। दिल्ली के स्वरूप नगर इलाके के चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जो फर्जी कंपनियां बनाकर करोड़ों रुपये की टैक्स चोरी कर रहे थे। यह पूरा गिरोह आम लोगों के दस्तावेजों का इस्तेमाल कर सरकार को चूना लगा रहा था।
कैसे काम करता था यह फर्जी फर्म वाला गिरोह?
सहायक पुलिस अधीक्षक Natasha Goyal ने बताया कि यह गिरोह बहुत शातिर तरीके से काम कर रहा था। ये लोग आम जनता को झांसा देकर उनके आधार कार्ड, पैन कार्ड और बिजली के बिल जैसे जरूरी कागज ले लेते थे। इसके बाद ओटीपी (OTP) के जरिए फर्जी शेल कंपनियां बनाई जाती थीं और जीएसटी पोर्टल पर उनका रजिस्ट्रेशन कराया जाता था। इन फर्जी फर्मों के जरिए कागजों पर लेनदेन दिखाकर करोड़ों रुपये की टैक्स चोरी की जाती थी।
कौन हुए गिरफ्तार और क्या हुआ बरामद?
पुलिस ने इस मामले में दिल्ली के स्वरूप नगर निवासी हरिओम, विपिन जैन, दीपक चौधरी और बच्चू को गिरफ्तार किया है। इस गिरोह में काम बांट रखा गया था, जहां कुछ लोग रजिस्ट्रेशन संभालते थे और कुछ दस्तावेज तैयार करते थे। पुलिस ने इनके पास से निम्नलिखित सामान बरामद किया है:
| बरामद सामान |
संख्या/विवरण |
| मोबाइल फोन |
6 |
| सिम कार्ड |
9 |
| जीमेल आईडी |
15 |
| दस्तावेज |
फर्म संचालन से जुड़े जरूरी कागज |
बता दें कि जीएसटी विभाग की शिकायत पर 1 अगस्त 2025 को मुकदमा दर्ज हुआ था, जिसके बाद माधोटांडा पुलिस और क्राइम ब्रांच की टीम ने 5 जून 2026 को यह बड़ी कार्रवाई की। इस मामले में एक आरोपी को पुलिस पहले ही जेल भेज चुकी है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
इस गिरोह ने टैक्स चोरी के लिए किन दस्तावेजों का इस्तेमाल किया?
गिरोह के सदस्य आम लोगों को झांसा देकर उनके आधार कार्ड, पैन कार्ड और बिजली बिल जैसे दस्तावेज लेते थे और ओटीपी के जरिए फर्जी फर्मों का रजिस्ट्रेशन कराते थे।
पुलिस ने इस मामले में किन लोगों को गिरफ्तार किया है?
पुलिस ने दिल्ली के स्वरूप नगर के रहने वाले चार आरोपियों – हरिओम, विपिन जैन, दीपक चौधरी और बच्चू को गिरफ्तार किया है।