Finance : भारत में घुटने और जोड़ों के दर्द से परेशान मरीजों के लिए एक बड़ी खबर है। Partnership to Fight Chronic Disease (PFCD) ने दिल्ली में बड़े डॉक्टरों के साथ बैठक की है। इसमें मांग की गई है कि रोबोटिक जॉइंट रिप्लेसमे
Finance : भारत में घुटने और जोड़ों के दर्द से परेशान मरीजों के लिए एक बड़ी खबर है। Partnership to Fight Chronic Disease (PFCD) ने दिल्ली में बड़े डॉक्टरों के साथ बैठक की है। इसमें मांग की गई है कि रोबोटिक जॉइंट रिप्लेसमेंट सर्जरी को हेल्थ इंश्योरेंस के दायरे में पूरी तरह लाया जाए ताकि आम आदमी को इस आधुनिक इलाज का फायदा मिल सके।
रोबोटिक सर्जरी में इंश्योरेंस की क्या समस्या है?
डॉक्टरों का कहना है कि रोबोटिक सर्जरी ज्यादा सटीक होती है और मरीज जल्दी ठीक होता है। लेकिन दिक्कत यह है कि कई इंश्योरेंस कंपनियां इस तकनीक को ‘वैकल्पिक’ मानती हैं या इस पर ‘सब-लिमिट’ लगा देती हैं। इस वजह से मरीजों को मजबूरी में पुराने तरीके की सर्जरी करानी पड़ती है क्योंकि उनके पास रोबोटिक इलाज के लिए अलग से पैसे नहीं होते। IRDAI ने 2019 में आधुनिक इलाज को कवर करने के निर्देश दिए थे, लेकिन अभी भी अलग-अलग कंपनियों के नियम अलग हैं।
विशेषज्ञों ने क्या कहा और आंकड़े क्या बताते हैं?
बैठक में Max Healthcare के डॉ. रामनीक महाजन, Apollo Hospital के डॉ. हविन्द टंडन और Fortis Memorial Research Institute के डॉ. सुभाष जांगिड़ शामिल हुए। PFCD के एशिया प्रतिनिधि अमन गुप्ता ने बताया कि भारत में हर साल करीब 2.5 से 3.5 लाख जॉइंट रिप्लेसमेंट सर्जरी होती हैं, लेकिन इनमें से सिर्फ 5 से 10 प्रतिशत ही रोबोटिक होती हैं। इसका मुख्य कारण मेडिकल कमी नहीं बल्कि इंश्योरेंस कवरेज का न होना है।
मरीजों पर इसका क्या असर पड़ता है?
जब इंश्योरेंस कंपनियां रोबोटिक सर्जरी का पूरा खर्च नहीं उठातीं, तो मरीज आर्थिक तंगी के कारण बेहतर तकनीक को छोड़ देते हैं। विशेषज्ञों के मुताबिक, जिन देशों में रोबोटिक सर्जरी को सामान्य सर्जरी के बराबर कवर किया जाता है, वहां मरीजों के नतीजे बेहतर होते हैं और लंबे समय में इंश्योरेंस कंपनियों के क्लेम भी कम आते हैं क्योंकि जटिलताएं कम होती हैं।
Frequently Asked Questions (FAQs)
क्या रोबोटिक जॉइंट रिप्लेसमेंट सर्जरी इंश्योरेंस में कवर होती है?
IRDAI ने 2019 में आधुनिक इलाज को कवर करने के निर्देश दिए थे, लेकिन वर्तमान में यह अलग-अलग इंश्योरेंस कंपनियों पर निर्भर करता है। कई कंपनियां इस पर सब-लिमिट लगाती हैं या इसे पूरी तरह कवर नहीं करती हैं।
रोबोटिक सर्जरी सामान्य सर्जरी से बेहतर क्यों मानी जाती है?
विशेषज्ञों के अनुसार, रोबोटिक सर्जरी अधिक सटीक और सुसंगत होती है, जिससे मरीज की रिकवरी तेजी से होती है और सर्जरी के बाद जटिलताएं कम होने की संभावना रहती है।