Bihar: पटना के लोगों को मेट्रो का इंतजार है, लेकिन निर्माण कार्य में कुछ तकनीकी दिक्कतें और बढ़ती लागत बड़ी चुनौती बन गई है। इस समस्या को सुलझाने के लिए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने 2 मई 2026 को एक हाई लेवल मीटिंग की। मीट
Bihar: पटना के लोगों को मेट्रो का इंतजार है, लेकिन निर्माण कार्य में कुछ तकनीकी दिक्कतें और बढ़ती लागत बड़ी चुनौती बन गई है। इस समस्या को सुलझाने के लिए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने 2 मई 2026 को एक हाई लेवल मीटिंग की। मीटिंग में मेट्रो प्रोजेक्ट के साथ-साथ सैटेलाइट टाउनशिप और JP गंगा पथ के विकास पर भी चर्चा हुई ताकि शहर की ट्रैफिक समस्या को खत्म किया जा सके।
मेट्रो प्रोजेक्ट में क्या हैं मुख्य समस्याएं और समाधान
मीटिंग के दौरान Urban Development and Housing Department (UDHD) के अधिकारियों ने बताया कि मेट्रो के काम में कुछ तकनीकी अड़चनें आ रही हैं, जिससे प्रोजेक्ट की लागत बढ़ गई है और काम की रफ्तार धीमी हुई है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने इस पर चिंता जताई और अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि सभी बाधाओं को जल्द से जल्द दूर किया जाए। उन्होंने कहा कि मेट्रो का काम तय समय सीमा के भीतर पूरा होना चाहिए ताकि आम जनता को रोजमर्रा के सफर में राहत मिल सके।
एयरपोर्ट कनेक्टिविटी और नए अपडेट्स
पटना एयरपोर्ट को मेट्रो नेटवर्क से जोड़ने के लिए Personal Rapid Transit (PRT) सिस्टम का प्रस्ताव रखा गया है, जिससे यात्रियों को एयरपोर्ट से शहर तक आने-जाने में आसानी होगी। वहीं, मोइन-उल-हक स्टेडियम और गांधी मैदान के बीच मेट्रो टनल का काम पूरा हो चुका है। इसके अलावा, भूतनाथ से मलाई पकड़ी तक के 2.75 किलोमीटर लंबे एलिवेटेड सेक्शन का सेफ्टी निरीक्षण भी पूरा हो गया है, जिसके जल्द शुरू होने की उम्मीद है।
सैटेलाइट टाउनशिप और अन्य विकास कार्य
मेट्रो के अलावा मुख्यमंत्री ने 11 सैटेलाइट टाउनशिप के तेजी से विकास पर जोर दिया है। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि इन टाउनशिप के निर्माण में तय समय का पालन किया जाए। मीटिंग में मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत और अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे, जिन्होंने प्रोजेक्ट की मौजूदा स्थिति और कानूनी अड़चनों पर अपनी रिपोर्ट पेश की।
Frequently Asked Questions (FAQs)
पटना मेट्रो का कौन सा हिस्सा जल्द शुरू होगा
भूतनाथ से मलाई पकड़ी तक का 2.75 किलोमीटर लंबा एलिवेटेड सेक्शन, जिसमें खेमनीचक स्टेशन शामिल है, जल्द शुरू होने वाला है। इसकी सेफ्टी जांच मेट्रो रेलवे सेफ्टी कमिश्नर नीलेभ्र sengupta ने पूरी कर ली है।
पटना एयरपोर्ट को मेट्रो से कैसे जोड़ा जाएगा
पटना एयरपोर्ट और मेट्रो नेटवर्क के बीच बेहतर कनेक्टिविटी के लिए Personal Rapid Transit (PRT) सिस्टम लागू करने का प्रस्ताव चर्चा में है, ताकि यात्रियों का सफर आसान हो सके।