Odisha: ओडिशा के भद्रक स्टेशन पर पुलिस और चाइल्ड लाइन की टीम ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए बिहार के 12 नाबालिग लड़कों को बचाया है। इन लड़कों को जनशताब्दी एक्सप्रेस ट्रेन से कथित तौर पर तस्करी कर ले जाया जा रहा था। पुलिस क
Odisha: ओडिशा के भद्रक स्टेशन पर पुलिस और चाइल्ड लाइन की टीम ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए बिहार के 12 नाबालिग लड़कों को बचाया है। इन लड़कों को जनशताब्दी एक्सप्रेस ट्रेन से कथित तौर पर तस्करी कर ले जाया जा रहा था। पुलिस को इस बारे में पहले से गुप्त सूचना मिली थी, जिसके बाद यह पूरा ऑपरेशन चलाया गया।
कैसे हुआ बच्चों का रेस्क्यू और अब वे कहाँ हैं?
जिला चाइल्ड लाइन की समन्वयक सुभाषश्री पधिहारी के मुताबिक, टीम ने भद्रक स्टेशन पर जनशताब्दी एक्सप्रेस में सवार होकर इन लड़कों को बरामद किया। बचाव के बाद सभी बच्चों को भद्रक के एक सुरक्षित आश्रय गृह (Shelter Home) में भेज दिया गया है। पुलिस ने इस मामले में बच्चों के साथ यात्रा कर रहे दो वयस्कों को हिरासत में लिया है और उनसे पूछताछ की जा रही है।
बच्चों ने क्या बताया और क्या है मामला?
बचाए गए लड़कों ने पुलिस को बताया कि उन्हें जाजपुर जिले के एक मदरसे में ले जाया जा रहा था। हालांकि, जब पुलिस ने उनसे संबंधित कागजात मांगे, तो वे कोई भी वैध दस्तावेज नहीं दिखा सके। फिलहाल पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि इन बच्चों को किस मकसद से और किसके इशारे पर बिहार से ओडिशा लाया जा रहा था।
ओडिशा में बिहार के बच्चों की तस्करी के अन्य मामले
अप्रैल 2026 के दौरान ओडिशा में बिहार और बंगाल के बच्चों की तस्करी के कई मामले सामने आए हैं, जिनका विवरण नीचे दिया गया है:
| तारीख |
स्थान |
बचाए गए बच्चे |
विवरण |
| 19 अप्रैल 2026 |
ब्रह्मपुर स्टेशन |
34 नाबालिग |
फलकनुमा एक्सप्रेस से हैदराबाद ले जाए जा रहे थे |
| 16 अप्रैल 2026 |
कटक स्टेशन |
59 नाबालिग |
अररिया (बिहार) के बच्चे, मुफ्त शिक्षा का लालच दिया गया |
| 11 अप्रैल 2026 |
कटक स्टेशन |
12 नाबालिग |
अमृत भारत एक्सप्रेस से अररिया के बच्चों को लाया गया |