North Korea ने NATO समिट की निंदा की, परमाणु हथियार और बढ़ाने का किया ऐलान

World : उत्तर कोरिया ने हाल ही में तुर्की में हुई NATO समिट की कड़ी आलोचना की है। प्योंगयांग ने अमेरिका और उसके साथियों पर सैन्य टकराव को बढ़ाने का आरोप लगाया है। उत्तर कोरिया का कहना है कि पश्चिमी देश सैन्य गुट बना रहे

World : उत्तर कोरिया ने हाल ही में तुर्की में हुई NATO समिट की कड़ी आलोचना की है। प्योंगयांग ने अमेरिका और उसके साथियों पर सैन्य टकराव को बढ़ाने का आरोप लगाया है। उत्तर कोरिया का कहना है कि पश्चिमी देश सैन्य गुट बना रहे हैं जिससे दुनिया में तनाव बढ़ रहा है।

उत्तर कोरिया की सरकारी एजेंसी KCNA ने शनिवार, 11 जुलाई 2026 को बताया कि NATO नेताओं ने प्योंगयांग के जायज अधिकारों को खतरा बताया है। उत्तर कोरिया ने साफ कर दिया है कि परमाणु हथियार छोड़ने की सारी कोशिशें अब पूरी तरह खत्म हो चुकी हैं। प्योंगयांग का मानना है कि परमाणु निशस्त्रीकरण की शुरुआत पहले उन अमेरिकी सहयोगियों से होनी चाहिए जो अमेरिका के संरक्षण में परमाणु हथियार बनाने की कोशिश कर रहे हैं, जिनमें दक्षिण कोरिया और जापान मुख्य हैं।

इस तनाव के बीच उत्तर कोरिया ने अपनी सुरक्षा के लिए परमाणु ताकत को और मजबूत करने का फैसला किया है। शुक्रवार, 10 जुलाई 2026 को आई रिपोर्ट के मुताबिक, देश ने अपने परमाणु हथियारों की संख्या और क्वालिटी दोनों बढ़ाने का निर्णय लिया है। किम जोंग उन ने कहा कि देश की शांति के लिए एक मजबूत सेना जरूरी है। इसके लिए सैन्य अड्डों को आधुनिक बनाया जाएगा और नए नौसैनिक बेस बनाने के काम में तेजी लाई जाएगी।

वहीं दूसरी तरफ, NATO समिट में यूरोपीय देशों के बीच 50 अरब डॉलर से ज्यादा के सैन्य समझौतों की घोषणा हुई है। दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली जे मयूंग ने भी NATO के साथ हथियारों के उत्पादन और रिसर्च में सहयोग बढ़ाने की इच्छा जताई है। चीन ने भी इस समिट के बाद NATO को ‘शीत युद्ध’ वाली सोच छोड़ने की सलाह दी है।