NEET पेपर लीक मामला: कोर्ट ने प्रहलाद कुलकर्णी और शिवराज मोतेगांवकर की न्यायिक हिरासत 11 जुलाई तक बढ़ाई

Delhi: NEET UG पेपर लीक मामले में सीबीआई की जांच जारी है। इसी बीच दिल्ली की Rouse Avenue कोर्ट ने आरोपी प्रहलाद कुलकर्णी और शिवराज रघुनाथ मोतेगांवकर की न्यायिक हिरासत को 11 जुलाई तक बढ़ा दिया है। बुधवार को दोनों आरोपियों

Delhi: NEET UG पेपर लीक मामले में सीबीआई की जांच जारी है। इसी बीच दिल्ली की Rouse Avenue कोर्ट ने आरोपी प्रहलाद कुलकर्णी और शिवराज रघुनाथ मोतेगांवकर की न्यायिक हिरासत को 11 जुलाई तक बढ़ा दिया है। बुधवार को दोनों आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया था, जिसके बाद यह फैसला आया।

कोर्ट की कार्यवाही के दौरान सीबीआई की पब्लिक प्रॉसिक्यूटर नीतू सिंह ने हिरासत बढ़ाने की मांग की थी, जिसे स्पेशल जज (CBI) अजय गुप्ता ने मंजूर कर लिया। प्रहलाद कुलकर्णी लातूर के एक रिटायर्ड केमिस्ट्री प्रोफेसर हैं और उन पर पेपर लीक का मास्टरमाइंड होने का आरोप है। बताया जा रहा है कि वह NEET के प्रश्न पत्र बनाने वाले पैनल का हिस्सा थे।

वहीं, लातूर के RCC कोचिंग के डायरेक्टर शिवराज रघुनाथ मोतेगांवकर पर आरोप है कि उन्होंने परीक्षा से करीब दस दिन पहले ही प्रश्न पत्र और उनके उत्तर हासिल कर लिए थे। इसके बाद उन्होंने इसे अन्य कोचिंग सेंटरों और छात्रों तक पहुंचाया। इस मामले में 12 मई 2026 को FIR दर्ज की गई थी, जिसमें भारतीय न्याय संहिता (BNS), भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम और पब्लिक एग्जामिनेशन (प्रिवेंशन ऑफ अनफेयर मीन्स) एक्ट 2024 की धाराएं लगाई गई हैं।

सीबीआई इस पूरे नेटवर्क की गहराई से जांच कर रही है। इस केस में अब तक मंगी लाल बीवाल, विकास बीवाल, दिनेश बीवाल, यश यादव, शुभम खैरणार और डॉ. मनोज शिरुरे समेत कई अन्य लोगों को भी गिरफ्तार किया जा चुका है। यह पूरी जांच शिक्षा मंत्रालय के उच्च शिक्षा विभाग की शिकायत के बाद शुरू हुई थी, जिसने National Testing Agency (NTA) द्वारा आयोजित परीक्षा में गड़बड़ी की आशंका जताई थी।