NEET-UG 2026 Result: दिल्ली के पंशुल बंसल और पंजाब के आर्यन गुप्ता ने किया टॉप, AIIMS में सीट पाने की तैयारी
Delhi/Haryana: नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने 16 जुलाई 2026 को NEET-UG की दोबारा हुई परीक्षा के नतीजे जारी कर दिए हैं। इस बार दिल्ली के पंशुल बंसल और पंजाब के आर्यन गुप्ता ने शानदार प्रदर्शन करते हुए ऑल इंडिया रैंक 1 (AI
Delhi/Haryana: नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने 16 जुलाई 2026 को NEET-UG की दोबारा हुई परीक्षा के नतीजे जारी कर दिए हैं। इस बार दिल्ली के पंशुल बंसल और पंजाब के आर्यन गुप्ता ने शानदार प्रदर्शन करते हुए ऑल इंडिया रैंक 1 (AIR 1) हासिल की है। दोनों छात्रों ने 720 में से 715 अंक प्राप्त किए हैं।
पंशुल बंसल दिल्ली के कैलाश कॉलोनी स्थित समरविले स्कूल के छात्र हैं। उन्होंने पहली परीक्षा में 701 अंक लिए थे, लेकिन दोबारा हुई परीक्षा में उन्होंने अपनी मेहनत से टॉप रैंक हासिल की। अब पंशुल का लक्ष्य AIIMS में दाखिला लेना है। अपनी सफलता का राज बताते हुए उन्होंने कहा कि वे पढ़ाई के साथ-साथ पियानो बजाने, स्केटिंग और वीडियो गेम्स जैसे शौक के लिए भी समय निकालते थे। उन्होंने आने वाले छात्रों को सलाह दी है कि वे मॉक टेस्ट और सवालों की प्रैक्टिस पर ज्यादा ध्यान दें ताकि अपनी कमियों को सुधार सकें।
यह परीक्षा 21 जून 2026 को आयोजित की गई थी, क्योंकि पेपर लीक के आरोपों के बाद 3 मई को हुई पहली परीक्षा को रद्द कर दिया गया था। इस साल के नतीजों में कुल 11.21 लाख उम्मीदवार पास हुए हैं, जिनमें 58 प्रतिशत से ज्यादा महिलाएं हैं। 700 या उससे अधिक अंक लाने वाले छात्रों की संख्या 19 रही, जबकि 690 से ऊपर अंक लाने वाले 138 छात्र रहे। अनरिजर्व्ड कैटेगरी के लिए कट-ऑफ 50वें पर्सेंटाइल पर तय किया गया है, जो 213 से 715 अंकों के बीच है।
अब एडमिशन के लिए काउंसलिंग की प्रक्रिया शुरू होगी। मेडिकल काउंसलिंग कमेटी (MCC) 15 प्रतिशत ऑल इंडिया कोटा की सीटों के लिए काउंसलिंग करेगी, जबकि बाकी 85 प्रतिशत स्टेट कोटा की सीटों का जिम्मा राज्य अधिकारियों के पास होगा। छात्रों को सलाह दी गई है कि वे केवल आधिकारिक पोर्टल neet.nta.nic.in और mcc.nic.in पर ही भरोसा करें और किसी भी फर्जी एडमिशन ऑफर से बचें।
इस बार टाई-ब्रेकिंग के लिए नए नियम अपनाए गए हैं। अगर दो छात्रों के अंक बराबर होते हैं, तो पहले बायोलॉजी, फिर केमिस्ट्री और अंत में फिजिक्स के अंकों को देखा जाएगा। इसके बाद गलत जवाबों की संख्या के आधार पर रैंक तय की गई है।